दौसा

Dausa: थैली में पैक गर्म चाय फेरकर खोलते पार्सल की सील, एपल की घड़ियां निकाल नकली डाल देते, 4 आरोपी गिरफ्तार

Dausa Cyber crime: ऑनलाइन शॉपिंग की दुनिया में भरोसे को झटका देने वाले एक संगठित साइबर गिरोह का दौसा पुलिस ने खुलासा कर जनों को गिरफ्तार किया है।
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Jul 06, 2026
Cyber crime
Cyber crime (Photo: AI)

दौसा। ऑनलाइन शॉपिंग की दुनिया में भरोसे को झटका देने वाले एक संगठित साइबर गिरोह का दौसा पुलिस ने खुलासा कर जनों को गिरफ्तार किया है। गिरोह ने अमेजन पर फर्जी नाम से अकाउंट बनाकर महंगी एप्पल वॉच व अन्य महंगे उत्पाद मंगवाते। इसके बाद गर्मा गर्म चाय को थैली में डालकर पार्सल को सील करने वाली जगह पर फेरते, इससे पार्सल का मुंह आसानी से खुल जाता।

इसके बाद असली घड़ी निकालकर उसकी जगह हूबहू दिखने वाली डुप्लीकेट घड़ी रख देते। वापस पार्सल को अच्छी तरह से पैक कर दे देते। इसके बाद गलत पता बताकर ऑर्डर रिजेक्ट करा देते। जिससे ग्राहक के खाते में पूरा रिफंड भी पहुंच जाता और असली घड़ी बाजार में बेचकर लाखों रुपए अलग से कमा लिए जाते थे।

दौसा एसपी पीयूष दीक्षित ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से एप्पल कंपनी की डिजिटल घड़ी भी बरामद की है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरोह ने इस तरीके से कुल 19 महंगे ऑर्डरों में 19 लाख 86 हजार 976 रुपए की धोखाधड़ी की।

तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंची पुलिस

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकरलाल मीणा के सुपरविजन में पुलिस उपाधीक्षक साइबर क्राइम बृजेश कुमार मीणा के नेतृत्व में विशेष टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंच बनाई। इस संबंध में 11 अगस्त 2025 को कनेक्ट इंडिया कूरियर कंपनी, दौसा के मैनेजर सतवीर सिंह ने साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

चार आरोपी गिरफ्तार

1. साहिल बंसल (30), निवासी मावडिया माता मंदिर के सामने भादरा, हाल गुरुग्राम।
2. मदन जांगिड़ (28), निवासी खिजूरिया ब्राह्मणान, तहसील बस्सी, जयपुर।
3. पारस साहू (41), निवासी डिग्गी मालपुरा, वर्तमान प्रतापनगर, सांगानेर, जयपुर।
4. नरेंद्र बैरवा (32), निवासी जोशी की कोठी खेड़ला खुर्द, दौसा, हाल हब मैनेजर कनेक्ट इंडिया ई-कॉमर्स सर्विस प्राइवेट लिमिटेड, दौसा

ऐसे करते थे फ्रॉड

पुलिस के मुताबिक आरोपी फर्जी नाम, पते से अमेजन पर अकाउंट बनाकर महंगे प्रोडेक्ट ऑर्डर करते थे। इसके बाद डिलीवरी स्टेशन मैनेजर की मिलीभगत से पार्सल अपने कब्जे में लेकर विशेष तरीके से पैकिंग खोलकर ओरिजनल एप्पल वॉच निकालकर नकली वॉच रख देते थे और फिर पार्सल वापस जमा करवा देते थे। इसके बाद गलत एड्रेस बताकर ऑर्डर को रद्द कर देते थे। जिससे ऑर्डर की राशि वापस बैंक अकाउंट में आ जाती, जबकि ओरिजनल वॉच बेचकर अलग से कमाई करते थे।

विशेष टीम ने खोला राज

मामले के खुलासे में साइबर सेल के हेड कांस्टेबल जगमाल सिंह, कांस्टेबल भाग सिंह, मुरारी लाल, राजेश कुमार तथा आशीष की विशेष भूमिका रही।

Updated on:
06 Jul 2026 09:20 am
Published on:
06 Jul 2026 09:20 am