दौसा

राजस्थान में नए साल के मौके पर चलेगी ‘खुशियों की ट्रेन’, बनेगी विकास में मील का पत्थर

Indian Railways: करीब ढाई दशक से दौसा-गंगापुर मार्ग पर रेल चलने का सपना देख रहे जिलेवासियों के लिए नववर्ष 2024 खुशखबर लेकर आएगा।
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Updated: 25 Dec 2023, 1:10 PM IST
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Indian Railways: करीब ढाई दशक से दौसा-गंगापुर मार्ग पर रेल चलने का सपना देख रहे जिलेवासियों के लिए नववर्ष 2024 खुशखबर लेकर आएगा। यह सपना अब हकीकत में बदल रहा है। दौसा-गंगापुर सिटी रेल परियोजना पर अब आगामी तीन माह में रेल दौड़ती नजर आएगी। इस रेल परियोजना के तहत 2 हजार 150 मीटर लम्बी प्रदेश की सबसे बड़ी रेल सुरंग का काम जोर-शोर से जारी है। पहाड़ी में बनाई सुरंग आर-पार निकल चुकी है। अब रेल पटरी बिछाई जा रही है। करीब 1 हजार मीटर क्षेत्र में कार्य पूरा हो चुका है। 15 जनवरी तक पूरा काम करने का लक्ष्य है।

रेल परियोजना में खास
1996 वर्ष में घोषित हुआ था प्रोजेक्ट
2150 मीटर लंबी बनेगी सुरंग
92.67 किमी है कुल लम्बाई
1000 करोड़ खर्च अनुमानित

जिले के विकास में बनेगा मील का पत्थर
बड़े शहरों से होगा जुड़ाव: इस परियोजना का कार्य पूरा होने के बाद दौसा-गंगापुर रेल लाइन दिल्ली-अहमदाबाद एवं दिल्ली-मुंबई रेलवे के ट्रेक को भी आपस में जोड़ेगी, जिससे अनुमान है शीघ्र ही रेलवे यहां से लंबी दूरी की ट्रेन को निकाल कर दोनों ट्रेक के भार को कम करेगा।

रेल मार्ग से जुड़ेगा लालसोट: दौसा-गंगापुर सिटी मार्ग के बीच सबसे अहम शहर जिले का लालसोट रहेगा। पहली बार लालसोट रेलमार्ग से जुड़ेगा। इससे परिवहन के साधनों की सुगमता होगी। नया रेलवे स्टेशन भी विकसित किया गया। इसके आसपास के इलाके की प्रगति भी होगी।

मुम्बई के लिए सीधा रेलमार्ग: दौसा से मुम्बई के लिए सीधा रेलमार्ग मुहैया होगा। अभी जयपुर या सवाईमाधोपुर जाकर ट्रेन पकड़नी पड़ती है। इस रेलमार्ग के चालू होने के बाद दौसा के लोग वाया गंगापुर सिटी सीधे मुम्बई ट्रेन के माध्यम से आ-जा सकेंगे। साथ ही दौसा, लालसोट व गंगापुर के लिए आवागमन सुविधा सुलभ व सस्ती होगी। जिले के दर्जनों गांवों के लोगों की भी ट्रेन से सीधा जुड़ाव होगा।

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