दौसा

Train Accident: शादी से 20 दिन पहले दुल्हे की मौत, रेलवे में थी नौकरी, ट्रेन की चपेट में आने से थम गईं सांसें

Lalsot Train Accident: एक दर्दनाक हादसे में रेलवे कर्मचारी दिनेश मीना की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। जिस घर में शादी की तैयारी चल रही थी, वहां अचानक मातम छा गया।
2 min read
Apr 06, 2026
Lalsot news, Rajasthan railway accident, pointsman death case, train accident Bikaner, tragic death before wedding, Rajasthan local tragedy, railway worker accident, Barmer Rishikesh Express incident, village mourning Rajasthan, emotional family tragedy, accident during duty railway, Sawai Madhopur connection, breaking news Rajasthan, rural accident story, heartbreaking incident Rajasthan
मृतक दिनेश मीना। फाइल फोटो- पत्रिका

लालसोट। रेलवे में प्वाइंट मैन के पद पर कार्यरत उपखंड के गोल गांव की पातल की ढाणी निवासी दिनेश मीना पुत्र परसादीलाल मीना की बीती रात बीकानेर जिले में रेल की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की शादी आगामी 25 अप्रेल को होने वाली थी और परिवार में जोर-शोर से तैयारियां चल रही थीं।

परिवार में कोहराम मचा

घटना की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। जिस घर से करीब 20 दिन बाद बारात निकलने वाली थी, वहां मातम छा गया। परिजन बेसुध हो गए और पूरी ढाणी में सोमवार को चूल्हे तक नहीं जले। आसपास के ग्रामीण भी शोक में डूबे नजर आए और हर किसी की आंखें नम थीं।

एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट आया

चचेरे भाई धनराज मीना ने बताया कि दिनेश शनिवार शाम को ड्यूटी के लिए रवाना हुआ था। रविवार सुबह वह नाथवाना (बीकानेर) रेलवे स्टेशन पर अपनी जिम्मेदारी निभा रहा था। रात के समय ड्यूटी के दौरान बाड़मेर-ऋषिकेश एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आने से उसकी मौत हो गई।

मौके पर ही हुई मौत

हादसा इतना गंभीर था कि मौके पर ही उसकी जान चली गई। दिनेश मीना की मौत की खबर मिलते ही परिवार और गांव में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के बुजुर्ग और रिश्तेदार लगातार परिवार को सांत्वना देने में जुटे रहे, लेकिन इस दुखद घटना से हर कोई स्तब्ध है।

मातम में बदली खुशियां

दिनेश मीना सवाई माधोपुर जिले के करेल गांव से दूल्हा बनने वाले थे। शादी की तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी थीं और घर में खुशियों का माहौल था, जो एक ही पल में मातम में बदल गया। सोमवार देर शाम जब उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा, तो वहां मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।

परिजनों का ढांढस बंधाया

ग्रामीणों ने बड़ी मुश्किल से परिजनों का ढांढस बंधाया। अंतिम दर्शन के दौरान बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे और सभी ने नम आंखों से उन्हें विदाई दी। इस हृदयविदारक घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर फैल गई है। हर कोई इस असमय हुई मौत से आहत है और परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

Updated on:
06 Apr 2026 08:48 pm
Published on:
06 Apr 2026 08:48 pm