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राजस्थान के सरकारी टीचरों पर नया नियम लागू, नौकरी बचानी है तो देना होगा TET; 5 साल से कम वालों को राहत

Rajasthan Govt Teacher: सरकार ने शिक्षकों के लिए टीईटी को नौकरी और पदोन्नति दोनों के लिए अनिवार्य कर दिया है। 5 साल से कम सेवा वाले शिक्षकों को छूट, जबकि अन्य को 2 साल में परीक्षा पास करनी होगी। जानिए पूरा नियम सरल भाषा में।
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Apr 03, 2026
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फोटो- AI

Dausa News: शिक्षा व्यवस्था में गुणवत्ता और समान मानकों को मजबूत करने के उद्देश्य से शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) को लेकर नई व्यवस्था स्पष्ट कर दी गई है। अब यह परीक्षा केवल नई भर्ती तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि सेवारत शिक्षकों की पदोन्नति के लिए भी अनिवार्य होगी।

शिक्षा मंत्रालय ने संसद में जानकारी देते हुए बताया कि यह व्यवस्था निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 के प्रावधानों और सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप लागू की जा रही है। राष्ट्रीय शिक्षक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) द्वारा पहले ही टीईटी को कक्षा 1 से 8 तक शिक्षकों के लिए न्यूनतम योग्यता के रूप में निर्धारित किया जा चुका है।

ये रहेगी नई व्यवस्था

नई व्यवस्था के अनुसार, जिन शिक्षकों की सेवा में पर्याप्त समय शेष है, उन्हें निर्धारित अवधि के भीतर टीईटी उत्तीर्ण करना होगा। वहीं, सेवा के अंतिम चरण में पहुंचे शिक्षकों को सेवानिवृत्ति तक कार्य जारी रखने की सुविधा दी गई है, हालांकि पदोन्नति के लिए सभी के लिए टीईटी अनिवार्य रहेगा।

शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इस निर्णय से शिक्षण गुणवत्ता में सुधार, पारदर्शिता और एकरूपता आएगी। विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिलेगा और शिक्षकों की पेशेवर दक्षता भी सुदृढ़ हो सकेगी। इससे शिक्षा के गुणों में सुधार होगा।

यह है लागू व्यवस्था

जिन शिक्षकों की सेवा में 5 वर्ष से अधिक समय शेष रहा है उन्हें एक सितंबर 2025 से दो वर्ष के भीतर टीईटी पास करना होगा, तभी वे सेवा में बने रहेंगे। इसके अलावा जिन शिक्षकों की सेवा में 5 वर्ष से कम समय बचा है, उन्हें बिना टीईटी के सेवानिवृत्ति तक सेवा में बने रहने की अनुमति दी गई है। हालांकि ऐसे शिक्षक टीईटी पास किए बिना किसी भी स्थिति में पदोन्नति के पात्र नहीं होंगे।

पुराने शिक्षकों के लिए चुनौती

यह फैसला लाखों परिवारों की आजीविका पर चोट है। शिक्षक संघ रेसटा ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर इस परीक्षा से छूट देने की मांग की है। हालांकि फैसला देश में शिक्षा गुणवत्ता की दिशा में अहम कदम है, पर पुराने शिक्षकों के लिए चुनौती है। इसलिए पुराने लगे शिक्षकों को इससे छूट प्रदान की जाएं।
-मोहरसिंह सलावद, प्रदेशाध्यक्ष, शिक्षक संघ रेसटा, राजस्थान

Updated on:
03 Apr 2026 12:26 pm
Published on:
03 Apr 2026 12:26 pm