बीजेपी विधायक शलभ मणि त्रिपाठी ने सीधे बोला कि भाजपा कार्यकर्ता हों या सामान्य नागरिक, किसी से भी असम्मानजनक भाषा में बात करना स्वीकार नहीं किया जाएगा।
देवरिया जिले में बीजेपी कार्यकर्ताओं को दरोगा द्वारा असभ्य भाषा बोलने पर सदर विधायक शलभ मणि त्रिपाठी ने उसे काफी फटकार लगाई। बीजेपी विधायक शलभमणि त्रिपाठी ने फोन से फटकार लगाते हुए कहा कि अगर मंडल अध्यक्ष तुम्हे फोन कर रहा है तो समझा करो, अगर नेता नपाड़ी बोलोगे तो बता देंगे कि नेता क्या चीज होता है।
बता दें कि बुधवार को देवरिया सदर से बीजेपी विधायक शलभमणि त्रिपाठी का एक वीडियो सामने आया है। जिसमें शलभमणि फोन पर बात करते हुए नजर आ रहे हैं। बीजेपी विधायक कह रहे हैं कि मंडल अध्यक्ष अगर फोन कर रहा है तो मामले की गंभीरता समझो, अगर नेता-नपाड़ी बोलोगे तो तुम्हे समझा देंगे कि नेता क्या होता है। विधायक ने कहा कि मंडल अध्यक्ष ने फोन किया है तो तुम मौके पर जाते और जांच करते। जो जांच में आता वो बताते। सख्त लहजे में विधायक ने कहा कि अपने इंस्पेक्टर को समझा देना, ये सब फालतू बात मत किया करो।
जानकारी के मुताबिक, देवरिया में बीजेपी के मंडल अध्यक्ष ने कोतवाली के इंस्पेक्टर को फोन कहा कि हमारे कार्यकर्ता आपके पास गए हैं, उनकी बात सुन लीजिएगा। मंडल अध्यक्ष के कहने पर कार्यकर्ता कोतवाली गया था।कार्यकर्ता ने इंस्पेक्टर से कहा कि हमें मंडल अध्यक्ष जी ने भेजा है। इसपर इंस्पेक्टर ने कार्यकर्ता से कहा कि नेता नपाड़ी से फोन कराते हो, इससे क्या होगा। इसके बाद कार्यकर्ता कोतवाली से वापस चला गया था।
कार्यकर्ता ने इस बात की जानकारी मडंल अध्यक्ष को दी। इस बात से दुखी मंडल अध्यक्ष ने देवरिया से विधायक शलभमणि त्रिपाठी से अपना दुख व्यक्त किया था। बताया जा रहा है कि बीजेपी विधायक शलभमणि त्रिपाठी ने कार्यकर्ता और मंडल अध्यक्ष को बुलाकर पूरी जानकारी ली दरोगा को कॉल कर उसे काफी लताड़ लगाई।