धार

आज हाईकोर्ट के जस्टिस करने आ रहे भोजशाला का निरीक्षण, देखें सुरक्षा के कड़े इंतजाम

Dhar Bhojshala : भोजशाला पर नजरें... एएसआई रिपोर्ट के आधार पर होगा स्थल अवलोकन, नवरात्र में मां वाग्देवी को अर्पित चुनरी होगी।
2 min read
Mar 24, 2026
Dhar Bhojshala
हाईकोर्ट के जस्टिस करने आ रहे भोजशाला का निरीक्षण (Photo Source- Patrika)

Dhar Bhojshala :मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित ऐतिहासिक भोजशाला एवं कमाल मौला मस्जिद परिसर एक बार फिर चर्चा के केंद्र बन चुकी है। इसके धार्मिक स्वरूप को लेकर चल रही न्यायिक प्रक्रिया के बीच आज इंदौर हाईकोर्ट से न्यायधीश स्थल का निरीक्षण करने आ रहे हैं। प्रतिनिधि मंडल के प्रस्तावित दौरे को देखते हुए जिला प्रशासन की ओर से सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। इसी के मद्देनजर पूरे परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।

प्रतिनिधि मंडल का काफिला आज सर्किट हाउस से सीधे भोजशाला के लिए रवाना होगा, जहां दोपहर 12 से 1 बजे के बीच निरीक्षण प्रस्तावित किया गया है। इस दौरान पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के अधिकारी भी साथ में मौजूद रहेंगे। एएसआई की ओर से पेश की गई सर्वे रिपोर्ट के आधार पर स्थल का अवलोकन किया जाएगा। संभावना है कि, हाईकोर्ट के प्रतिनिधि नौगांव स्थित पुरातत्व संग्रहालय का भी दौरा कर सकते हैं।

सर्वे रिपोर्ट के आधार पर चल रही सुनवाई

भोजशाला के इतिहास और स्वरूप को लेकर दोनों पक्षों के दावे लंबे समय से विवाद का विषय बने हुए हैं। साल 2024 में एएसआई ने 98 दिनों तक खुदाई कर 2098 पृष्ठों की विस्तृत रिपोर्ट तैयार की थी। इस रिपोर्ट में कई महत्वपूर्ण अवशेष और शिलालेखों का जिक्र किया गया था। इसी रिपोर्ट के आधार पर मौजूदा समय में कोर्ट में सुनवाई की जा रही है। अगली सुनवाई 2 अप्रेल को प्रस्तावित है। ठीक उसी से पहले न्यायधीश का ये निरीक्षण बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

साल 2022 से बना हुआ है प्रमुख मुद्दा

भोजशाला को लेकर हिंदू और मुस्लिम पक्षों के बीच अलग-अलग दावे किए जाते रहे हैं। वर्ष 2022 में दायर याचिका के बाद न्यायालय के निर्देश पर एएसआइ सर्वे कराया गया था। तब से यह मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है।

नवरात्र में धार्मिक आयोजन भी जारी

चैत्र नवरात्र के अवसर पर मंगलवार को सकल हिंदू समाज द्वारा नियमित सत्याग्रह और हनुमान चालीसा पाठ किया जाएगा। सुबह 8:55 से 9:25 बजे के बीच मां वाग्देवी को चुनरी अर्पित की जाएगी। इस दौरान विभिन्न समाजों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि भी शामिल होंगे।

Updated on:
24 Mar 2026 10:26 am
Published on:
24 Mar 2026 10:26 am