
Lok Sabha Elections 2024 : कहते हैं सियासत के सफर में जो दिखता है, वह होता नहीं है और जो होता है, वह दिखता नहीं है। कुछ ऐसा ही हाल इन दिनों राजस्थान में देखने को मिल रहा है। लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस और बीजेपी एक-दूसरे को झटका देने में लगी हुई है। इसी बीच अब धौलपुर की राजनीति को लेकर बड़ा अपडेट सामने आ रहा है। माना जा रहा है कि आज धौलपुर की सियासत में बड़ी उठापठक देखने को मिल सकती हैं।
सियासी गलियारों में चर्चा है कि धौलपुर की कांग्रेस विधायक शोभा रानी कुशवाह का परिवार बीजेपी में शामिल हो सकता है। माना जा रहा है कि राजधानी जयपुर स्थित बीजेपी कार्यालय में आज शोभारानी कुशवाहा के चाचा ससुर कन्हैया लाल कुशवाहा और देवर उपेंद्र कुशवाहा बीजेपी में शामिल हो सकते है। इस दौरान बीजेपी के लोकसभा प्रभारी विनय सहस्त्र बुद्धि और कैबिनेट मंत्री अविनाश गहलोत भी मौजूद रहेंगे।
कुशवाहा फैमिली के पाला बदलने से धौलपुर में राजनीतिक समीकरण पूरी तरह से बदल जाएंगे। धौलपुर एवं करौली जिले में कुशवाहा समाज के वोटर्स की संख्या अधिक है और शोभारानी कुशवाहा की फैमिली का दोनों ही जिलों में काफी प्रभाव है। ऐसे में कुशवाहा फैमिली के बीजेपी में शामिल होने से पार्टी को काफी फायदा होगा। बता दें कि करौली धौलपुर लोकसभा सीट पर 19 अप्रैल को चुनाव होने है। हालांकि, सियासी जानकारों की मानें तो विधायक शोभा रानी बीजेपी ज्वाइन करती हैं तो उनकी विधानसभा की सदस्यता जा सकती है। ऐसे में उनके बीजेपी में शामिल होने पर संशय बरकरार है।
पति बीएल कुशवाहा के जेल जाने के बाद धौलपुर में साल 2017 में उपचुनाव हुए थे। जिसमें बीजेपी ने शोभा रानी कुशवाहा को मैदान में उतारा था और वो पहली बार धौलपुर की विधायक बनीं थी। इसके बाद साल 2018 के विधानसभा चुनाव में शोभारानी कुशवाहा भाजपा के टिकट पर चुनाव विधायक चुनी गई। लेकिन, साल 2020 में कांग्रेस में आए सियासी भूचाल के दौरान विधायक शोभारानी कुशवाहा गहलोत सरकार के साथ खड़ी हो गई। इस पर साल 2023 के विधानसभा चुनाव में शोभारानी कुशवाहा ने कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ा और धौलपुर से तीसरी बार विधायक चुनी गई थी।