Petrol-Diesel : डूंगरपुर में एक वाहन में अधिकतम 5,000 रुपए का पेट्रोल व डीजल की सीमा अधिकतम 30 लीटर तय की गई है। खुले में यानी बोतलों या कैन में पेट्रोलियम पदार्थ देने पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी है।
Petrol-Diesel : इजरायल-अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध जैसे हालातों का असर अब स्थानीय स्तर पर दिखने लगा है। वैश्विक तनाव के चलते शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल के दामों में हुई बढ़ोतरी ने आम जनता और व्यापारियों की चिंता बढ़ा दी है। ईंधन की इस महंगाई के बीच अब जिले के पेट्रोल पंपों पर सीमित वितरण के मौखिक आदेश जारी कर दिए गए हैं। जिला पेट्रोल पंप संघ के सचिव गजेंद्र जैन ने बताया कि एक वाहन में अधिकतम 5,000 रुपए का ही पेट्रोल भरा जा सकेगा।
डीजल की सीमा प्रति वाहन अधिकतम 30 लीटर तय की गई है। खुले में यानी बोतलों या कैन में पेट्रोलियम पदार्थ देने पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है। केंद्र सरकार की ओर से जारी नई दरों के बाद पेट्रोल की कीमत में 3.24 रुपए और डीजल में 3.01 रुपए प्रति लीटर का इजाफा हुआ है। सागवाड़ा स्थित फिलिंग स्टेशन के मैनेजर सुरेश जैन ने बताया कि नई दरों के लागू होने के बाद पेट्रोल 106.21 रुपए से बढ़कर 109.45 रुपए और डीजल 91.57 रुपए से बढ़कर 94.58 रुपए प्रति लीटर पहुंच गया है।
दक्षिणी राजस्थान का डूंगरपुर जिला गुजरात सीमा से जुड़ा हुआ है। इस पर अधिकांश भारी वाहन डूंगरपुर सीमा से होकर गुजरात की तरफ जाते है। ऐसे में राजस्थान से गुजरात राज्य में पेट्रोलियम पदार्थ के भाव कम है। इस पर अधिकांश भारी वाहन चालक गुजरात राज्य से पट्रोल व डीजल वाहनों में डलवाते है। गुजरात से राजस्थान में पेट्रोल पर दस रुपए व डीजल पर एक रुपए अधिक है। इधर, भावों में लगातार वृद्धि होने के कारण आमजन की जेब पर भार बढ़ रहा है। पेट्रोलियम पदार्थ के भावों में बढ़ोत्तरी होने से अन्य सामग्री के भावों में तेजी होगी। परिवहन के साथ निरंतर काम आने वाली वस्तुएं भी महंगी होने की संभावना है।
कुल पेट्रोल पम्प- 108
प्रतिदिन खपत- 5000 लीटर लगभग
कुल वाहन - 3 लाख 52 हजार 13
पेट्रोलियम पदार्थों के दाम बढ़ने से परिवहन भाड़े में बढ़ोतरी तय है। यह वृद्धि सीधे तौर पर वस्तुओं की कीमतों को प्रभावित करेगी। डीजल की सीमित आपूर्ति बड़ी चिंता है। अन्य राज्यों में जाने वाले वाहनों को लाने-ले जाने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ सकता है, जिससे अंतरराज्यीय व्यापार भी प्रभावित होगा।
रमेश लबाना अध्यक्ष डूंगरपुर खेरवाड़ा ट्रक ट्रांसपोर्ट यूनियन
हर समस्या का समाधान संभव है। सरकार की ओर से देश के लिए अहम फैसला लिया गया है और इन परिस्थितियों के अनुसार चलना होगा तभी समस्या का समाधान होगा।
केके गुप्ता पेट्रोल पम्प एसोसिएशन अध्यक्ष डूंगरपुर