
डूंगरपुर। जिले के बिछीवाड़ा थाने से सामने आई एक तस्वीर ने राजस्थान पुलिस की कार्यशैली और संवेदनशीलता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हुई इस तस्वीर में एक महिला कांस्टेबल थाने में आए एक बुजुर्ग फरियादी के सामने टेबल पर पैर रखकर बैठी दिखाई दे रही है। तस्वीर सामने आने के बाद लोगों में नाराजगी देखने को मिली और मामले ने तूल पकड़ लिया। इसके बाद पुलिस अधीक्षक ने तत्काल कार्रवाई करते हुए महिला कांस्टेबल को निलंबित कर दिया।
जानकारी के अनुसार बिछीवाड़ा थाने में तैनात कांस्टेबल रीना गर्ग की एक तस्वीर गुरुवार को सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुई। तस्वीर में एक बुजुर्ग व्यक्ति अपनी शिकायत लेकर थाने पहुंचा हुआ नजर आ रहा है, जबकि उसके सामने बैठी महिला कांस्टेबल बेहद असहज और गैर-पेशेवर तरीके से कुर्सी पर बैठी दिखाई दे रही है। महिला कांस्टेबल ने अपने पैर टेबल पर रखे हुए थे, जिसे लोगों ने फरियादी के सम्मान और पुलिस की जिम्मेदारी के विपरीत बताया।
सोशल मीडिया पर तस्वीर सामने आने के बाद लोगों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने शुरू कर दिए। कई लोगों ने टिप्पणी करते हुए कहा कि थाने में न्याय और सहायता की उम्मीद लेकर पहुंचने वाले लोगों के साथ इस तरह का व्यवहार किसी भी स्थिति में उचित नहीं माना जा सकता। वहीं कई लोगों ने इसे पुलिस की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कृत्य बताया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए डूंगरपुर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार ने तत्काल संज्ञान लिया और संबंधित महिला कांस्टेबल रीना गर्ग को निलंबित करने के आदेश जारी कर दिए। एसपी ने कहा कि थाने में आने वाले हर परिवादी की शिकायत को संवेदनशीलता और सम्मान के साथ सुना जाना चाहिए। वायरल तस्वीर में दिखाई दे रहा व्यवहार पुलिस सेवा की भावना और जिम्मेदारी के अनुरूप नहीं है।
पुलिस अधीक्षक ने यह भी स्पष्ट किया कि मामले की विभागीय जांच शुरू कर दी गई है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि वायरल तस्वीर कब की है, लेकिन इसके सामने आने के बाद पूरे जिले में इसकी चर्चा रही।