Computer Emergency Response Team of India ने जारी किया Alert Android Malware 300 से ज्यादा Applications से चुरा सकता है आपकी जानकारी
नई दिल्ली। अगर आप एंड्रॉयड स्मार्टफोन ( Android Smartphones ) यूजर हैं तो सरकार की कंम्प्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम ऑफ इंडिया ( Computer Emergency Response Team of India ) की ओर से बड़ा अलर्ट जारी किया है। यह अलर्ट एंड्रॉयड मालवेयर'ब्लैकरॉक ( Android Malware BlackRock ) को लेकर हुआ है। जिसकी मददद से एंड्रॉयड स्मार्टफोन से बैंकिंग व अन्य जरूरी डेटा चुराकर आपके बैंक अकाउंट को खाली किया जा सकता है। जानकारी के अनुसार इस मालवेयर से क्रेडिट कार्ड, ई-मेल, ई-कॉमर्स और सोशल मीडिया एप्लीकेशंस समेत 300 से ज्यादा मोबाइल ऐप्स के जानकारी चुराई जा सकती है। सर्टइन के अनुसार 'ट्रोजन' कैटेगरी का ब्लैकरॉक वायरस पूरी दुनिया में एक्टिव है। कुछ दिन पहले नीदरलैंड की ओर से इस मालवेयर के लिए अलर्ट जारी किया था।
300 से ज्यादा ऐप्स को करता है टारगेट
सर्टइन के अनुसार इसे Xerxes बैंकिंग मालवेयर की हेल्प से तैयार किया गया है। यह वायरस LokiBot एंड्रॉयड ट्रोजन पर बेस्ड है। यह वायरा कितना खतरनाक है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि यह 337 ऐप्स पर एक साथ टारगेट करता है। यह वायरस फाइनेंशियल ऐप्स से लेकर सोशल मीडिया समेत सभी पॉपुलर ऐप्स को अपने लपेटे में लेता है। इस वायरस की जद में नेटवर्किंग और डेटिंग प्लेटफॉम्र्स भी शामिल हैं।
इस तरह करता है डेटा चोरी
सर्टइन के अपुसयार इस वायरस को जब किसी डिवाइस में डाला जाता है तो यह ऐप ड्राइवर में अपने आइकन को हाइड कर लेता है। उसके बाद गूगल अपडेट के तौर आपको नोटिफिकेशन में दिखाता है। यह पूरी तरह से फेक होता है। गूगल अपडेट के तौर पर यह आपसे मालवेयर एक्सेसिबिलिटी मांगता है, अनुमति मिलने बाद फिर अपने आप ही सभी परमीशन लेकर आपके डेटा को चुराने का काम कर लेता है।
क्या हैं उपाय?
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार अभी तक इस वायरस से बचने का कोई उपाय सामने नहीं आया है। जानकारों की मानेें तो मौजूदा समय में मोबाइल ऐप डाउनलोड या फिर अपलोड करने से बचना काफी है। किसी भी ऐप को जरूरी परमीशन देने से बचवे ताकि आप धोखाधड़ी से बच सकें। आपको बता दें कि साल 2014 के बाद बैंकिंग ट्रोजन में बड़े स्तर पर बढ़ोतरी देखने को मिली है। 2019 में इसमें कमीी आई थी, लेकिन 2020 में फिर इसमें तेजी देखने को मिल रही है।