अर्थव्‍यवस्‍था

देश की अर्थव्यवस्था को कैसे आगे बढ़ाएंगी सीतारमण, पढ़िए बड़े एलान

दुनियाभर के स्लोडाउन का असर भारत पर कम इकोनॉमी को मजबूत करने पर किए गए कई बदलाव वित्त मंत्री ने कहा चिंता की कोई बात नहीं है

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नई दिल्ली। देश के आर्थिक हालात को लेकर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। दुनियाभर की आर्थिक सुस्ती का असर भारत पर भी देखने को मिल रहा है। इसी को लेकर सीतारमण ने प्रेस कॉफ्रेंस में कई बड़ी घोषणाएं की। साथ ही उन्होंने देश के आर्थिक हालात के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान उन्होंने कहा कि हमें स्लोडाउन को लेकर इतना परेशान होने की जरूरत नहीं है क्योंकि भारत की स्थिति अभी भी काफी अच्छी है। इसके साथ ही हम देश की इकोनॉमी को मजबूत बनाने के लिए कई बड़े बदलाव कर रहे हैं, जिससे देश की वैश्विक जीडीपी वृद्धि दर संशोधित होकर मौजूदा अनुमान 3.2 फीसदी से नीचे जा सकती है।


टैक्सपेयर्स को राहत

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने करदाताओं को बड़ा तोहफा दिया है। वित्त मंत्री ने कहा है कि आगामी विजयादशमी यानी दशहरा से आयकर भरने के लिए फेसलेस स्क्रूटनी सेवा शुरू कर दी जाएगी। इस सेवा को शुरू करने का मकसद आयकर अधिकारी और करदाता के बीच होने वाले इंटरेक्शन को समाप्त करना है।


FPI से हटाया सरचार्ज

निर्मला सीतारमण ने कहा कि लॉन्ग, शॉर्ट टर्म कैपिटेल गेन सरचार्ज वापस लिया जाएगा। सरकार ने विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों ( FPI ) की मांग को पूरा कर दिया है। सराकर ने एफपीआई मामले में बजट से पहले की स्थिति को ही बहाल करने का आदेश दिया है। वित्त वर्ष 2019-20 में अमीरों पर लगाए गए सरचार्ज को हटा दिया गया है। बजट में सरकार ने दो से पांच करोड़ रुपए की टैक्सेबल इनकम की दर 35.88 फीसदी से बढ़कर 39 फीसदी पर पहुंच गई है।


होम और ऑटो लोन

बैंकों ने रिजर्व बैंक की ओर से रीपो दर में कटौती का फायदा ग्राहकों को पहुंचाने का फैसला किया है। बैंक की ओर से एमसीएलआर में कटौती का भी एलान किया गया है, जिसका सीधा फायदा ग्राहकों को मिलेगा।
इसके साथ ही बाहरी-स्टैंडर्ड रेट से लिंक्‍ड लोन प्रॉडक्ट भी पेश किया जाएगा, जिससे होम, ऑटो और अन्य रीटेल लोन की ईएमआई भी काफी सस्ती हो जाएगी। वहीं, सरकारी बैंक ग्राहकों को लोन बंद होने के 15 दिनों के भीतर लोन डॉक्युमेंट्स वापस करेंगे।


KYC के जरिए खोल सकेंगे डीमैट अकाउंट

वित्त मंत्री ने कहा कि आधार बेस्ड KYC के जरिए डीमैट और म्युचुअल फंड में निवेश करने के लिए अकाउंट खोलने की इजाजत होगी। वहीं, अब MSME की केवल एक परिभाषा होगी, इसके जरिए कंपनियां अपने काम आसानी से कर सकती हैं। MSME ऐक्ट को जल्द ही कैबिनेट के सामने ले जाया जाएगा।


बैंकों को 70 हजार करोड़ की घोषणा

वित्त मंत्री ने बैंकों को 70 हजार करोड़ रुपए देने का भी एलान किया है। बैंक में पूंजी की उपलब्धता को सुधारने और कर्ज देने की क्षमता को बढ़ाने के लिए यह कदम उठाया गया है। सरकार की ओर से लागू किए गए इस कदम से बैंक ज्यादा से ज्यादा लोन बांट सकेंगे। इसके साथ ही सरकार के इस कदम से कैश फ्लो में भी बढ़ोतरी होगी। वित्त मंत्री ने कहा कि इस कदम से बैंकिंग फाइनैंशल सिस्टम में पांच लाख करोड़ रुपये तक का कैश फ्लो होगा।


CSR नियमों का उल्लंघन आपराधिक नहीं

उद्योग जगत की चिंता को दूर करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि कॉरपोरेट सामाजिक दायित्व ( CSR ) के उल्लंघन पर अब आपराधिक मुकदमा नहीं चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि अब सीएसआर नियमों का उल्लंघन दीवानी मामला होगा। सीतारमण ने यहां संवाददाताओं से कहा कि कॉरपोरेट मामलों का मंत्रालय कंपनी कानून के तहत सीएसआर की इससे संबंधित धारा की समीक्षा करेगा।


वापस लिया एंजल टैक्स

सीतारमण ने कहा कि स्टार्टअप्स और उनके निवेशकों की परेशानियों को दूर करने के लिए सरकार ने एंजल टैक्स को भी वापस लेने का फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के सदस्य के तहत स्टार्टअप्स की समस्याओं के समाधान के लिए एक प्रकोष्ठ बनाया जाएगा।


15 दिन में देना होगा सिक्यॉरिटी रिलेटेड डॉक्यूमेंट

इसके साथ ही उन्होंने प्रेस कॉफ्रेंस में कहा कि लोन क्लोज होने के बाद सिक्यॉरिटी रिलेटेड डॉक्यूमेंट को बैंकों को 15 दिन के भीतर देना होगा। लोन आवेदन की ऑनलाइन निगरानी की जाएगी वहीं, अब लोन खत्म होने के 15 दिन के अंदर कागजात देने होंगे।


हाउसिंग फाइनेंस कंपनियों को राहत

इसके अलावा देश की हाउसिंग फाइनेंस कंपनियों को 30 हजार करोड़ रुपए देने की घोषणा की है। सरकार इस समय देश की अर्थव्यवस्था को ठीक करने के बारे में विचार कर रही है। इससे देश की सभी कंपनियों को काफी फायदा मिलेगा।


टैक्स और लेबर कानून में होगा सुधार

सीतारमण टैक्स और लेबर कानूनों में लगातार सुधार कर रही हैं। आर्थिक सुधारों की दिशा में सरकार लगातार काम कर रही है। इस कदम से इनकम टैक्स रिटर्न भरना पहले से काफी आसान हो गया है। आगे GST को और आसान बनाया जाएगा।


जल्द होगा टैक्स नोटिस का निपटारा

सरकार आयकर नोटिस का निपटारा जल्द से जल्द करेगी। सीतारमण ने टैक्स असेसमेंट का निपटारा तीन महीनों के अंदर तक करने के फैसला लिया है। इनकम टैक्स के ऑर्डर, समन और लेटर अब 1 अक्टूबर से सेंट्रलाइज्ड सिस्टम के जरिए जारी किया जाएगा।

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Published on:
24 Aug 2019 12:10 pm
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