Chip Enabled E-Passport लाने वाली है सरकार होंगे पहले से ज्यादा सुरक्षित प्रोक्योरमेंट प्रोसेस ( procurement Process ) की हो चुकी है शुरूआत कोरोना ( Coronavirus ) की वजह से बीच में रूका काम
नई दिल्ली: आज की तारीख में किसी भी इंसान की पहचान ( ID Proof ) में पासपोर्ट ( Passport ) बेहद महत्वपूर्ण होता है, और अब सरकार आधुनिक युग के इस पहचान पत्र को और भी अधिक सुरक्षित बनाने वाली है । सरकार ( modi govt ) इंडियन सिक्योरिटी प्रेस नासिक ( Indian Security Press Nasik ) और नेशनल इनफॉर्मेटिक्स सेंटर ( National Informatics Centre ) के साथ मिलकर चिप इनेबल्ड ई-पासपोर्ट ( Chip Enabled E-Passport ) लाने वाली है। इस बात की जानकारी देते हुए विदेश मंत्री एस जयशंकर ( external affair minister s. jayshankar ) ने कहा कि ई-पासपोर्ट ( E-Passport )के प्रॉडक्शन के लिए प्रोक्योरमेंट प्रॉसेस चल रहा है।
पासपोर्ट से जुड़ी धोखाधड़ी के अलावा ऐसे भी मामले सामने आ चुके हैं जब अपराधी फर्जी पासपोर्ट बनाकर विदेश भागे हैं। इसीलिए सरकार अब इन पासपोर्ट को लाना चाहती है क्योंकि इन पासपोर्ट के आने के बाद ऐसा फर्जीवाड़ा होना थोड़ा मुश्किल होगा । ई-पासपोर्ट आने के बाद हमारे ट्रेवल डॉक्यूमेंट्स की सुरक्षा और मजबूत हो जाएगी।
इस बारे में आगे बात करते हुए विदेश मंत्री ने बताया कि पूरे देश में 488 पासपोर्ट सेवा केंद्र खोले जा चुके हैं। सरकार का लक्ष्य है कि हर लोकसभा क्षेत्र में पासपोर्ट सेवा केंद्र ( passport service centre ) खोले जाएं और इसके लिए काम भी किया जा रहा है। लेकिन फिलहाल अचानक आए इस कोरोना महामारी ( corona pandemic ) के संकट की वजह से उस प्रोसेस पर रोक लगी है।
सरकार ने पासपोर्ट को अप्लाई करने के प्रोसेस को काफी आसान कर दिया है । अब डिजिटल प्लेटफार्म जैसे 'एमपासपोर्ट सेवा मोबाइल एप' और नागरिकों के लिए सरल उपाय 'एप्लाई फ्रॉम एनीवेयर' स्कीम के जरिये पासपोर्ट अप्लाई करना किसी के लिए भी बेहद आसान हो गया है। यही वजह है कि पिछले साल 2019 में 1.22 करोड़ से ज्यादा पासपोर्ट भारत सरकार ( Indian Govt ) की ओर से जारी किए हैं।