Benefits For MP: सांसदों को मुफ्त बिजली और पानी की सुविधा भी दी जाती है। उन्हें सालाना 50,000 यूनिट मुफ्त बिजली और 4,000 किलोलीटर पानी मिलता है।
MP Salary Hike 2025: केंद्र सरकार ने सांसदों के वेतन और भत्तों में वृद्धि की घोषणा की है। इसके साथ ही पूर्व सांसदों की पेंशन में भी बढ़ोत्तरी की गई है, जो 1 अप्रैल 2023 से लागू होगी। अब सांसदों को हर महीने 1,24,000 रुपये मिलेंगे, जबकि पहले उन्हें 1 लाख रुपये मिलते थे। इसके अतिरिक्त, सांसदों का दैनिक भत्ता अब दो हजार रुपये से बढ़ाकर ढाई हजार रुपये प्रति दिन कर दिया गया है। वहीं, पूर्व सांसदों की पेंशन 25,000 रुपये से बढ़ाकर 31,000 रुपये कर दी गई है। यह बढ़ोत्तरी सांसदों के वेतन, भत्ते और पेंशन अधिनियम, 1954 के तहत की गई है।
यह पांच साल बाद सांसदों के वेतन में बढ़ोतरी का फैसला लिया गया है। संसद कार्य मंत्रालय द्वारा जारी एक अधिसूचना में बताया गया कि पांच साल से अधिक सेवा वाले सांसदों के लिए प्रत्येक वर्ष अतिरिक्त पेंशन को 2,000 रुपये से बढ़ाकर 2,500 रुपये कर दिया गया है।
यह ध्यान देने योग्य है कि सांसदों के वेतन और भत्तों में पिछला संशोधन अप्रैल 2018 में किया गया था। उस समय सांसदों के लिए घोषित बेसिक वेतन 1,00,000 रुपये प्रति माह था। इस संशोधन का उद्देश्य सांसदों के वेतन को बढ़ती महंगाई और जीवन यापन की बढ़ती लागत के हिसाब से सही करना था।
2018 के संशोधन के तहत, सांसदों को निर्वाचन क्षेत्र भत्ते के रूप में 70,000 रुपये मिलता था, जो उन्हें अपने कार्यालयों की देखभाल और चुनावी क्षेत्र में अपने मतदाताओं से संवाद स्थापित करने के लिए खर्च करने होते थे। अब, सांसदों को कार्यालय भत्ते के रूप में 60,000 रुपये प्रतिमाह और संसदीय सत्रों के दौरान 2,000 रुपये दैनिक भत्ता मिलता है। इसके अलावा, सांसदों को फोन और इंटरनेट के उपयोग के लिए सालाना भत्ता भी प्रदान किया जाता है। सांसद अपने परिवार के साथ सालभर में 34 मुफ्त हवाई यात्रा कर सकते हैं और किसी भी समय प्रथम श्रेणी की ट्रेन यात्रा का लाभ उठा सकते हैं।
सांसदों को मुफ्त बिजली और पानी की सुविधा भी दी जाती है। उन्हें सालाना 50,000 यूनिट मुफ्त बिजली और 4,000 किलोलीटर पानी मिलता है। इसके अलावा, सरकार उनके लिए आवास और ठहरने की व्यवस्था भी करती है। अपने कार्यकाल के दौरान, सांसदों को नई दिल्ली में किराए-मुक्त आवास प्रदान किया जाता है, जिसमें वे अपनी वरिष्ठता के आधार पर छात्रावास के कमरे, अपार्टमेंट, या बंगला प्राप्त कर सकते हैं। जो सांसद आधिकारिक आवास का उपयोग नहीं करना चाहते, उन्हें मासिक आवास भत्ता मिलता है।