Bihar Board 10th Exam 2026: बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि अगर कोई छात्र देर से पहुंचकर केंद्र की दीवार फांदकर या किसी अवैध तरीके से सेंटर में एंट्री करता है, तो उसे ‘क्रिमिनल ट्रेसपास’ की श्रेणी में रखा जाएगा।
Bihar Board Exam Guideline: बिहार बोर्ड की मैट्रिक परीक्षा इस बार और भी कड़े नियमों से होने जा रही है। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने साफ कर दिया है कि परीक्षा केंद्र पर देरी से पहुंचकर जबरन अंदर घुसने की कोशिश करने वाले परीक्षार्थियों को बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे मामलों में छात्र को दो साल तक परीक्षा से निष्कासित किया जा सकता है। समिति की ओर से सभी जिलों को इस संबंध में निर्देश भेज दिए गए हैं। बोर्ड का कहना है कि परीक्षा की शुचिता और व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए किसी भी तरह की लापरवाही या नियम तोड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि अगर कोई छात्र देर से पहुंचकर केंद्र की दीवार फांदकर या किसी अवैध तरीके से सेंटर में एंट्री करता है, तो उसे ‘क्रिमिनल ट्रेसपास’ की श्रेणी में रखा जाएगा। यह न सिर्फ परीक्षा नियमों का उल्लंघन माना जाएगा, बल्कि आपराधिक कृत्य भी समझा जाएगा। ऐसे मामलों में संबंधित छात्र के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाएगी और दो वर्षों के लिए परीक्षा देने पर रोक लगाई जाएगी। इतना ही नहीं, यदि कोई केंद्राधीक्षक ऐसे छात्र को अंदर बैठने की अनुमति देता है तो उसके खिलाफ भी निलंबन की कार्रवाई की जा सकती है।
इस बार परीक्षा में ड्रेस को लेकर भी सख्ती दिखाई गई है। परीक्षार्थी जूता और मोजा पहनकर केंद्र में प्रवेश नहीं कर सकेंगे। उन्हें चप्पल पहनकर ही आना होगा। जूता-मोजा पहने पाए जाने पर एंट्री से वंचित किया जा सकता है।
मैट्रिक की वार्षिक परीक्षा 17 फरवरी से शुरू होकर 25 फरवरी तक चलेगी। परीक्षा दो शिफ्टों में आयोजित की जाएगी। इस साल कुल 15 लाख 12 हजार 963 छात्र-छात्राएं परीक्षा में शामिल होंगे। पहली पाली की परीक्षा सुबह 9:30 बजे शुरू होगी। प्रवेश सुबह 8:30 बजे से मिलेगा और मुख्य द्वार ठीक 9 बजे बंद कर दिया जाएगा। दूसरी पाली दोपहर 2 बजे से होगी। इसमें प्रवेश दोपहर 1 बजे से शुरू होगा और 1:30 बजे के बाद किसी को अंदर नहीं जाने दिया जाएगा। यानि परीक्षा शुरू होने से आधे घंटे पहले गेट बंद हो जाएगा। इसके बाद किसी भी स्थिति में प्रवेश नहीं मिलेगा।