
Bihar MLA Education Qualification: बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद अब अगले पांच साल की नई कहानी लिखी जा रही है। इसी माहौल के बीच चुनाव के बाद जारी हुई ADR और बिहार इलेक्शन वॉच की रिपोर्ट ने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा है। रिपोर्ट में बताया गया है कि इस बार कितने पढ़े-लिखे लोग विधानसभा तक पहुंचे हैं और कौन-कौन नेता शिक्षा के मामले में सबसे आगे या सबसे पीछे हैं। नई विधानसभा की यह एजुकेशन प्रोफाइल जितनी दिलचस्प है, उतनी ही चौंकाने वाली भी है। चलिए जानते हैं कौन कितना पढ़ा-लिखा है?
इस बार विधानसभा में पढ़े-लिखे विधायकों की संख्या पिछले कार्यकाल की तुलना में थोड़ी बढ़ी है। कुल 235 सदस्यों वाली विधानसभा में शिक्षा का स्तर काफी विविध दिखाई देता है। किसी के पास पीएचडी जैसी उच्चतम डिग्री है, तो कोई सिर्फ प्राथमिक शिक्षा तक सीमित है।
नई विधानसभा में 20 ऐसे विधायक हैं जिनके पास डॉक्टरेट यानी PhD की डिग्री है। यह संख्या पिछले चुनावों की तुलना में बेहतर मानी जा रही है। ये विधायक शिक्षा के सर्वोच्च स्तर से आते हैं, इसलिए उम्मीद की जा रही है कि ये सदन में विशेषज्ञता और गहराई के साथ बहस में हिस्सा लेंगे। इसके अलावा 48 विधायक ऐसे हैं जो पोस्टग्रेजुएट हैं, यानी MA, MSc या MBA जैसे कोर्स कर चुके हैं।
रिपोर्ट में सामने आया कि 59 विधायक ग्रेजुएट हैं और 20 ऐसे हैं जिनकी पढ़ाई इंजीनियरिंग, मेडिकल या अन्य प्रोफेशनल कोर्स से जुड़ी है। कुल मिलाकर 147 विधायक ऐसे हैं जिनके पास ग्रेजुएशन या उससे ऊपर की डिग्री है। यानी 60% से ज्यादा सदन में अब उच्च शिक्षा प्राप्त लोग शामिल हैं।
एक तरफ जहां उच्च डिग्री वाले नेता बड़ी संख्या में सदन तक पहुंचे हैं, वहीं दूसरी तरफ 84 विधायक ऐसे भी हैं जिनकी पढ़ाई केवल 5वीं से 12वीं के बीच ही रुकी है। इनमें 56 विधायक 12वीं पास हैं, 21 दसवीं तक पढ़े हैं, 6 आठवीं पास हैं और एक विधायक सिर्फ पांचवीं कक्षा तक पढ़े हैं। इसके अलावा 7 विधायक ऐसे भी हैं जो सिर्फ साक्षर हैं, औपचारिक पढ़ाई नहीं लेकिन पढ़ना-लिखना जानते हैं।
बिहार की नई विधानसभा में उम्र का मिलाजुला संतुलन देखने को मिलता है। सबसे ज्यादा विधायक 51 से 60 साल की उम्र वाले हैं, जिनकी संख्या 84 है। इनके बाद 41 से 50 साल की उम्र वाले 59 विधायक आते हैं, जिन्हें राजनीति का सबसे सक्रिय समूह माना जाता है। 61 से 80 साल के बीच के 62 विधायक भी सदन में मौजूद हैं जिनमें सबसे उम्रदराज विजेंद्र प्रसाद यादव हैं जिनकी उम्र 79 साल है।
युवा चेहरे भी इस बार अच्छी संख्या में पहुंचे हैं। 25 से 40 साल की उम्र वाले 38 विधायक चुनकर आए हैं, जिनमें छह की उम्र 30 साल से भी कम है। इनमें अलीनगर की 25 वर्षीय मैथिली ठाकुर, गाइघाट की कोमल सिंह, साकरा के आदित्य कुमार और राजनगर के सुजीत कुमार जैसे नाम शामिल हैं।