शिक्षा

CBSE Board Exam Rules 2026: स्कूलों को मिले जरूरी निर्देश, LOC डेटा को लेकर सीबीएसई ने जारी की जरूरी एडवाइजरी

CBSE LOC Data Advisory: CBSE (केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड) ने 2026 की बोर्ड परीक्षाओं को लेकर अहम एडवाइजरी जारी की है। बोर्ड ने यह एडवाइजरी विशेष रूप से LOC (List of Candidates) डेटा को लेकर दी है।
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Updated: 19 Sep 2025, 12:22 PM IST
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CBSE LOC Submission Rules: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ( सीबीएसई ) ने सभी संबद्ध स्कूलों को शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए कक्षा 10 और कक्षा 12 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए उम्मीदवारों की सूची (एलओसी) में छात्र डेटा में किसी भी प्रकार की गलती से बचने के लिए एक एडवाइजरी जारी की है।

क्या है एलओसी (What Is LOC)

LOC यानी List of Candidates, वह डेटा है जिसे हर स्कूल को CBSE को भेजना होता है, ताकि बोर्ड परीक्षा के लिए छात्रों का रजिस्ट्रेशन किया जा सके। इसमें छात्रों की पूरी जानकारी जैसे नाम, जन्मतिथि, विषय चयन, रोल नंबर (पिछले क्लास का), स्कूल कोड, आधार, जैसी सभी जानकारियां होती हैं।

सीबीएसई परीक्षा 2026 के नए नियम (CBSE Exam 2026 New Rules)

बोर्ड ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि वे एलओसी जमा करते समय विवरणों की पुष्टि और सही-सही एंट्री की पूरी जिम्मेदारी लें। एडवाइजरी में बताया गया है कि

  1. छात्रों, अभिभावकों और संरक्षकों के नामों की स्पेलिंग स्कूल के प्रवेश और निकासी रजिस्टर से मेल खानी चाहिए।
  2. जन्मतिथि स्कूल के रिकॉर्ड के अनुसार ही दर्ज की जानी चाहिए।
  3. विषय चुनाव सीबीएसई की अध्ययन योजना के अनुरूप होने चाहिए और कोड सही ढंग से भरे जाने चाहिए।सीबीइसई ने दिया

निर्देश (CBSE Instructions)

सीबीएसई ने कहा कि डेटा एंट्री में गलतियां परीक्षा के दौरान छात्रों के लिए गंभीर मुश्किलें पैदा कर सकती हैं। स्कूलों को हिंदी, उर्दू, गणित स्टैंडर्ड/बेसिक और ऐच्छिक विषयों जैसे विषयों के प्रश्नपत्र जमा करते समय विशेष रूप से सावधानी बरतने को कहा गया है। सीबीएसई ने स्कूलों को एलओसी जमा करने के बाद भी विवरण सुधारने का अवसर दिया है, बशर्ते छात्र ने परीक्षा शुल्क का भुगतान कर दिया हो।

कब तक हो सकता है वेरिफिकेशन (When can verification take place)

अंतिम सबमिशन के बाद प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए एक डेटा वेरिफिकेशन पर्ची तैयार की जाएगी। स्कूल इस चरण के दौरान भी गलतियों को वेरिफाई कर सुधार कर सकेंगे। अगर गलतियां बनी रहती हैं, तो सीबीएसई 13 अक्टूबर से 27 अक्टूबर तक डेटा वेरिफिकेशन अभियान चलाएगा, जिसमें स्कूलों को प्रवेश और निकासी रजिस्टर जैसे सहायक दस्तावेज जमा करने होंगे।

बोर्ड ने दी चेतावनी (Warning)

बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि अंतिम सुधार विंडो बंद होने के बाद, छात्रों के विवरण या विषय संयोजन में कोई और बदलाव नहीं किया जाएगा। स्कूलों से अनुरोध किया गया है कि वे डेटा जमा करते समय अत्यधिक सावधानी बरतें, क्योंकि कोई भी गलती छात्रों की परीक्षा के लिए पात्रता को प्रभावित कर सकती है।

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    19 Sep 2025, 12:22 PM IST
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