
Aamir Khan: फिल्म 'कयामत से कयामत तक' से अपने फ़िल्मी करियर की शुरुआत करने के बाद मिस्टर परफेक्शनिस्ट आमिर खान ने लगभग दो दशकों तक लगातार एक से बढ़कर एक ब्लॉकबस्टर हिट फिल्में दीं। 2018 में आई उनकी 'ठग्स ऑफ हिंदुस्तान' और 2022 में आई 'लाल सिंह चड्ढा' के बाद अब मानों आमिर खान की सफलता का सिलसिला थम सा गया है। आमिर खान ने इस पर खुल कर बात की।
'3 इडियट्स', 'पीके', 'गजनी' और 'दंगल' जैसी सुपर डुपर हिट फिल्में देने वाले आमिर खान ने कोमल नाहटा के यूट्यूब शो 'गेम चेंजर्स' पर बातचीत के दौरान अपनी फिल्मों की असफलताओं पर बात की और इस बात को माना कि कैसे उनके ओवर कॉन्फिडेंस ने उनकी फिल्मों के असफल होने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। आमिर खान ने एक्सेप्ट किया, “मैं ओवर कॉन्फिडेंट हो गया। मेरी इतनी फिल्में एक के बाद एक हिट चलीं। मुझे लगा था कि इतना तो कर ही लेगी। मैंने वह गलत किया।”
इसके आगे आमिर खान ने बताया कि फिल्मों का निर्माण करते समय वो हमेशा एक "फाइनेंशियल फिल्टर" का इस्तेमाल करते थे। उनका मानना था कि फिल्म से कभी भी नुकसान नहीं होना चाहिए, भले ही वो फिल्म रिकॉर्ड न तोड़ पाए। इसके आगे वो कहते हैं, "फिल्म कितनी कमाई कर सकती है, इस पर ध्यान देने के बजाय, मैं इस बात पर ध्यान देता हूं कि फिल्म से कोई नुकसान न हो। हालांकि, 'लाल सिंह चड्ढा' के मामले में मैंने हिसाब के इस फिल्टर को हटा दिया था।
लाल सिंह चड्ढा की असफलता पर बात करते हुए आमिर ने कहा, “जब आपको पता होता है कि आपकी फिल्म 120 करोड़ रुपये कमाएगी, तो आप अपना बजट ज्यादा से ज्यादा 80 करोड़ का रख सकते हैं। 'लाल सिंह चड्ढा' का बजट 50-60 करोड़ रुपये के बीच होना चाहिए था। लेकिन, हमने फिल्म पर 200 करोड़ रुपये खर्च कर दिए और ये मेरा ओवर कॉन्फिडेंस ही था, जिसके चलते हमको इतना बड़ा नुकसान झेलना पड़ा।' इसके आगे वो कहते हैं कि "एक तो फिल्टर नहीं लगाया, दूसरे हम लोगों को दिक्कत आ गई, कोविड आ गया बीच में। इससे हमें बहुत नुकसान हुआ, क्योंकि मैंने फिल्म से जुड़े किसी भी व्यक्ति का पेमेंट नहीं रोका। एक फिल्म प्रोड्यूसर होने के नाते मुझे लगा कि जो वर्कर्स हैं उनका घर भी चलना चाहिए। इससे हमारी लागत बढ़ गई थी।
इस साल आमिर खान की 'सितारे जमीन पर' फिल्म रिलीज हुई, जो एक स्पोर्ट्स कॉमेडी-ड्रामा और इमोशनल फिल्म है। 'लाल सिंह चड्ढा' के फ्लॉप होने के बाद 3 साल बाद आमिर खान ने बॉलीवुड फिल्मों कमबैक किया। फिल्म में आमिर ने एक बास्केटबॉल कोच का किरदार निभाया है, जो न्यूरोडायवर्जेंट (एक मानसिक सिंड्रोम) से ग्रसित बच्चों के एक ग्रुप का कोच बनता है। फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर काफी अच्छा प्रदर्शन किया। फिल्म की सबसे बड़ी बात ये है कि फिल्म थियेटर के बाद किसी OTT प्लेटफॉर्म पर रिलीज करने की बजाए यूट्यूब पर पे पर व्यू (PPV) मॉडल पर रिलीज की गई थी। फिल्म ने देश में 166.8 करोड़ और वर्ल्डवाइड 268.1 करोड़ रुपये की कमाई की और आमिर की सफल फिल्मों की लिस्ट में ये शामिल हो गई।