Dharmendra Pradhan Resignation In Manifesto: धर्मेंद्र प्रधान पर ध्रुव राठी ने तीखे बोल बोले है और उन्हें निशाने पर लेते हुए 'कॉकरोच जनता पार्टी' को बड़ी डिमांड पेश की है। ध्रुव राठी ने कहा है कि धर्मेंद्र प्रधान के कामकाज और नीतियों से जनता में काफी नाराजगी है।
Dharmendra Pradhan Resignation In Manifesto: यूट्यूबर और कंटेंट क्रिएटर ध्रुव राठी इन दिनों एक बार फिर सोशल मीडिया पर चर्चा का केंद्र बन गए हैं। इंस्टाग्राम पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' नाम का एक पेज तेजी से वायरल हो रहा है और इसे लेकर सोशल मीडिया पर खूब बहस छिड़ी हुई है। इन सबके बीच ध्रुव राठी ने इस सटायरिकल कैंपेन का खुलकर बचाव किया है।
ध्रुव राठी ने इंस्टाग्राम पर शेयर किए एक वीडियो में उन आरोपों को सिरे से खारिज किया जिनमें कहा जा रहा था कि इस पेज के पीछे कोई बड़ी राजनीतिक या आर्थिक ताकत है। ध्रुव ने कहा कि ये पेज देश के युवाओं की बढ़ती निराशा और मौजूदा व्यवस्था से असंतोष है। उन्होंने साफ कहा, "जरा आंखें खोलकर देखो, ये देश के युवाओं का फ्रस्ट्रेशन है। देश की जनता के अंदर जो गुस्सा है, ये कॉकरोच जनता पार्टी उसकी एक झलक है। इसके पीछे कोई बड़ी ताकत नहीं है।"
ध्रुव राठी ने आगे ये भी कहा कि आज के युवा जानते हैं कि ये सिस्टम ऊपर से लेकर नीचे तक कितना भ्रष्ट हो चुका है। उनके मुताबिक, इसीलिए इस कैंपेन ने इतनी तेजी से रफ्तार पकड़ी है, क्योंकि ये किसी एक इंसान की इमोशन नहीं बल्कि पूरी एक पीढ़ी की आवाज है।
बता दें, वीडियो में उन्होंने बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, NEET पेपर लीक विवाद और मीडिया की स्वतंत्रता जैसे कई मुद्दों का भी जिक्र किया। इस पर उनका कहना है कि ये सभी मुद्दे मिलकर युवाओं में एक गहरी निराशा पैदा कर रहे हैं।
इतना ही नहीं, राठी ने 'कॉकरोच जनता पार्टी' के सपोर्ट से एक खास अपील की। उन्होंने कहा कि अगर देश का युवा किसी एक चीज से सबसे ज्यादा परेशान है तो वो है शिक्षा व्यवस्था। NEET पेपर लीक जैसी घटनाओं पर जवाबदेही तय होनी चाहिए। इसके साथ ही, उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगने की बात अपने मैनिफेस्टो में शामिल करने का भी सुझाव दिया। वीडियो के लास्ट में ध्रुव राठी ने एक मजेदार नोट पर किया। उन्होंने कहा, "बदले में मैं भी कॉकरोच जनता पार्टी का मेंबर बनना चाहूंगा।" इस बात ने वीडियो को हल्का-फुल्का बनाने के साथ-साथ ये भी जाहिर किया कि वो इस कैंपेन के उद्देश्य से कितने सहमत हैं।