Madhumita Raut Dies: फेमस नृत्यांगना मधुमिता राउत का हार्ट अटैक के कारण निधन हो गया है, जिसके चलते कला जगत में गहरा शोक की लहर फैल गई है।
Madhumita Raut Dies: फेमस ओडिसी स्टार्स और नृत्यांगना मधुमिता राउत का आज सुबह दिल का दौरा (Heart Attack) पड़ने से निधन हो गया। वे 59 वर्ष की थीं। उनके भाई मनोज राउत ने बताया कि मधुमिता कुछ समय से अस्वस्थ थीं और उनका इलाज एक निजी अस्पताल में चल रहा था। साथ ही, उनका अंतिम संस्कार आज दोपहर 3:30 बजे लोधी श्मशान घाट में होने वाला है।
नृत्यांगना मधुमिता राउत ने बचपन से ही नृत्य सीखना शुरू किया था और वे दिल्ली में 'जयंतिका-मायाधर राउत स्कूल ऑफ ओडिसी डांस' की निर्देशक थीं और वो नई पीढ़ी को ओडिसी नृत्य की परंपरा से जोड़ने का काम कर रही थीं।
ओडिसी स्टार्स और नृत्यांगना मधुमिता राउत नीदरलैंड के एक मंदिर में प्रदर्शन करने वाली पहली ओडिसी स्टार्स बनीं, जिससे उन्होंने एक नया रिकॉर्ड बनाया। उनके नृत्य को शास्त्रीय परंपरा के साथ आधुनिकता का मेल माना जाता था और उन्होंने नृत्य के माध्यम से सामाजिक मुद्दों को भी उजागर किया है।
इतना ही नहीं, नृत्यांगना मधुमिता के कार्यक्रमों में कविता आधारित प्रस्तुतियां, गोएथे की कविताओं पर नृत्य और नीदरलैंड की बाली नृत्यांगना दिया तंत्रि के साथ फ्यूजन डांस भी शामिल थे। बता दें, मधुमिता राउत (Madhumita Raut), मायाधर राउत की पुत्री थीं, उनका काफी भरा और पूरा खुशहाल परिवार था। मायाधर राउत ने 1950 के दशक में ओडिसी नृत्य का पुनरुद्धार किया था और इसे शास्त्रीय ज्ञान के साथ समृद्ध किया था, लेकिन अफसोस की बात है पिछले साल फरवरी 2025 में उनका भी निधन हो गया।
मधुमिता राउत को ओडिसी नृत्य के प्रचार-प्रसार के लिए कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार मिले, जिसमें उन्हें भारत निर्माण अवॉर्ड 1997, ओडिशा स्टेट घुंघुर सम्मान अवॉर्ड 2010 और ओडिशा लिविंग लीजेंड अवॉर्ड भी 2011 में मिला। उन्होंने भारत सहित आयरलैंड, इंग्लैंड, स्कॉटलैंड, नीदरलैंड, जर्मनी, बेल्जियम, हंगरी, ऑस्ट्रिया, स्पेन, मोरक्को, फ्रांस, पुर्तगाल, जापान और अमेरिका के मुख्य नृत्य महोत्सवों में भाग लिया था।
बता दें, मधुमिता राउत के निधन से कला जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। उनकी यादें और योगदान ओडिसी नृत्य के क्षेत्र में हमेशा अमर रहेंगे।