Amjad Khan death story: फेमस एक्टर अमजद खान जब गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे, तब जाने-माने फिल्म राइटर सलीम खान और एक्टर अमिताभ बच्चन फरिश्ते की तरह उनके साथ खड़े रहें और मुश्किल दौर में उनका हौसला बढ़ाया।
Amjad Khan death story: भारतीय सिनेमा के सबसे यादगार खलनायक गब्बर सिंह की किरदार निभाने वाले दिवंगत एक्टर अमजद खान के बेटे शादाब खान ने कुछ ऐसी बातें साझा की हैं जो दिल को छू जाती हैं। उन्होंने बताया कि पिता की मौत के बाद जब पूरा परिवार टूटा हुआ था, तब सलीम खान ने चुपचाप उनके साथ खड़े होकर जो किया वो जिंदगी भर नहीं भुलाया जा सकता।
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जर्नलिस्ट विक्की लालवानी से बातचीत में शादाब ने कहा कि उनके पिता और सलीम खान के बीच शोले के बाद क्या हुआ, ये उन्हें पूरी तरह कभी समझ नहीं आया। शोले की कामयाबी के बाद अमजद खान ने सलीम-जावेद के साथ कभी काम नहीं किया, लेकिन जब अमजद खान का 1992 में निधन हुआ तो सलीम खान ने जो किया वो किसी भी रिश्ते की सबसे बड़ी परीक्षा है।
इतना ही नहीं, शादाब ने आगे बताया कि पिता की मौत के वक्त वो सिर्फ 18 साल के थे, घर में अफरातफरी मची थी, लोगों का आना-जाना था, रस्में चल रही थीं और मां की हालत कुछ भी संभालने लायक नहीं थी। उस मुश्किल घड़ी में एक शख्स था जो बिना किसी को बताए, बिना खुद पर ध्यान खींचे, चुपचाप हर चीज का खर्च उठाता रहा और वो थे सलीम खान। शादाब ने अपने दर्द को बयां करते हुए कहा ये अपनी आंखों से देखा था। सलीम खान ने रस्मों के लिए जो कुछ भी जरूरी था, सब कुछ अपनी जेब से दिया और बिना किसी प्रचार के बिना किसी एहसान जताए।
यही नहीं, शादाब ने एक और दिल छूने वाली बात बताई। जिस शाम उनके पिता का निधन हुआ, उसी शाम सलमान खान उनके घर आए और बहुत देर तक परिवार के साथ बैठे रहे। शादाब ने कहा कि उन्हें सब कुछ ठीक से याद नहीं लेकिन सलमान का वहां होना उन्हें आज भी याद है।
इसके साथ ही, शादाब ने अमिताभ बच्चन की भी खूब सराहना की। उन्होंने बताया कि जब अमजद खान का गोवा में 'द ग्रेट गैम्बलर' की शूटिंग के दौरान एक भयानक दुर्घटना हुई तो पूरा परिवार बुरी तरह घायल हो गया। अमजद खान लगभग मर ही गए थे, पत्नी गंभीर रूप से घायल थीं और शादाब की कॉलरबोन टूट गई थी। उस वक्त अमिताभ बच्चन ने आगे आकर स्थिति को संभाला और परिवार की हर तरह से मदद की। शादाब ने कहा कि अमिताभ बच्चन, जैकी श्रॉफ और सलमान खान ये कुछ ऐसे नाम हैं जिन्होंने सालों तक बिना रवैया बदले रिश्ते निभाए। इस तरह की क्लास बहुत कम लोगों में होती है।
बता दें, शोले में अमजद खान को गब्बर का रोल कैसे मिला, ये भी एक दिलचस्प किस्सा है। पहले ये भूमिका डैनी डेन्जोंगपा को मिली थी लेकिन 'धर्मात्मा' से डेट्स क्लैश होने की वजह से उन्होंने फिल्म छोड़ दी। तब सलीम-जावेद ने अमजद खान का नाम सुझाया। शुरुआत में अमजद घबराहट की वजह से इंप्रेस नहीं कर पाए लेकिन बाद में उनका गब्बर भारतीय सिनेमा का सबसे यादगार खलनायक बन गया।