
Disclosure of four-person murder case एटा में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या की घटना का खुलासा किया गया है। जिसमें घर के सदस्य ने ही अपनी पत्नी, माता-पिता और बेटी की हत्या कर दी। अलीगढ़ डीआईजी प्रभाकर चौधरी ने घटना का खुलासा किया। उन्होंने कहा कि फॉरेंसिक टीम और एक्सपर्ट ने मौके का मुआयना किया। सीसीटीवी फुटेज को भी खंगाला गया जो घर के आसपास लगे हुए हैं। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
उत्तर प्रदेश के एटा के सदर कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत हुए चार लोगों की हत्या के मामले में पुलिस ने खुलासा किया है। डीआईजी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज से मृतक परिवार के ही सदस्य कमल सिंह के आने और जाने के संबंध में जानकारी प्राप्त हुई। जो दोपहर में 12:55 पर अपने घर में आते हैं और करीब सवा घंटा रुकने के बाद मोटरसाइकिल से वापस चले जाते हैं। कमल सिंह के जाने के 20 मिनट बाद छोटा बेटा घर में आया। जिसने घर की हालत देखकर लोगों को जानकारी दी।
प्रभाकर चौधरी ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से इस बात की पुष्टि हुई कि कमल घटना के समय मौके पर मौजूद था। इसके 20 मिनट बाद छोटा लड़का घर आया था। इस बीच में कोई तीसरा व्यक्ति नहीं आया था। कमल सिंह से पूछताछ की गई तो उन्होंने घटना करना स्वीकार किया। कपड़े को भी जांच के लिए भेजा गया, जिसमें खून के धब्बे मिले। मेडिकल भी कराया गया है। उसमें हाथ में चोट निकली है। हत्या करने में ईंट का इस्तेमाल किया गया है।
हत्या के पीछे का उद्देश्य बेटी की शादी के लिए पैसे का इंतजाम करना निकलकर सामने आया। डीआईजी ने बताया कि जब दोपहर में खाना खाने गए तो पत्नी ने पूछा कि पैसे का इंतजाम हो गया। इस पर दोनों के बीच गर्मागर्म बहस हुई। कमल ने बताया कि पत्नी ने अभद्र भाषा का प्रयोग किया। इस दौरान गाली-गलौज भी हुआ। इस बीच बेटी भी आ गई। लड़ाई की नौबत आ गई तो कमल ने बेटी और पत्नी को उन्होंने गिरा दिया और छत पर चले गए।
छत से ईट लाकर बेटी और पत्नी के ऊपर हमला कर मार दिया। इसी बीच शोर शराबा सुनकर 65 वर्षीय श्यामा देवी भी मौके पर आ गई। जो शोर करने लगी इस पर कोमल ने उन पर भी ईंट से हमला कर दिया। जिससे वह नीचे गिर गई। किसी को पता ना चले इसीलिए 70 वर्षीय पिता गंगा सिंह के ऊपर भी ईंट से हमला कर दिया और उन्हें भी मार दिया।
डीआईजी ने बताया कि इसके बाद घर से निकल गए। जिसके 20 मिनट बाद इनका बेटा आ गया। इसके बाद घटना की जानकारी भी हुई। डीआईजी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि यहां से निकाल कर दुकान गए और वहां से ₹500 लेकर पेट्रोल डलवाया और खुद को भी समाप्त करने के लिए जाने लगा। इसी बीच बेटी का फोन आ गया कि घर में घटना हो गई है। इस पर वह लौटकर वापस चला आया। बड़ी विवेचना है। फोरेंसिक एविडेंस भी बहुत अधिक है। घटना की विवेचना के लिए स्पेशल टीम गठित की गई है। क्षेत्राधिकारी खुद भी विवेचना करेंगे। जो भी जानकारी मिली है, उसको भी जांच में शामिल किया गया है।
इसके पहले डॉक्टर के तीन डॉक्टरों के पैनल ने सभी लोगों का पोस्टमार्टम किया। जिसमें निकलकर सामने आया कि नाक और चेहरे पर बार-बार भारी वस्तु से हमला किया गया है, बाद में गला भी दबा दिया गया। आज सुबह 9 बजे पोस्टमार्टम के बाद सभी के शव घर लाये गए। जिसे देखकर घर में कोहराम मच गया। महिलाओं का बच्चों का रो-रो कर बुरा हाल है। अब घर में आरोपी कमल की 17 साल की बेटी लक्ष्मी और 5 साल का मासूम देवांश ही रह गए हैं। चारों शवों का अंतिम संस्कार पुलिस सुरक्षा में किया गया। देवांश ने सभी को शवों को मुखाग्नि दी।