आर्थिक सर्वेक्षण लोकसभा में पेश कर दिया गया है इकोनॉमिक सर्वे ऐप भी लांच किया गया है इस साल का आर्थिक सर्वेक्षण ई बुक के रूप में पेश किया गया है
नई दिल्ली। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज लोकसभा में आर्थिक सर्वेक्षण पेश कर दिया । इस साल का आर्थिक सर्वे देश के कोरोना योद्धाओं को समर्पित है। सर्वेक्षण के कवर में डॉक्टरों, नर्सों और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों की तस्वीर है। मुख्य आर्थिक सलाहकार कृष्णमूर्ति सुब्रमण्यन (Chief Economic adviser) ने आर्थिक सर्वेक्षण के पेश होने के बाद कहा कि इकोनॉमिक सर्वे में जीडीपी ग्रोथ चीन से भी ज्यादा रहने का अनुमान है। उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2021 में जीडीपी -7.5 फीसदी रह सकती है लेकिन वित्त वर्ष 2022 में यह 11 फीसदी रह सकती है। उन्होंने बताया कि भारतीय अर्थव्यवस्था वी शेप रिकवरी की ओर बढ़ रही है।
तैयार है अर्थव्यवस्था का रोडमैप
सर्वेक्षण में भारतीय अर्थव्यवस्था का रोडमैप भी तैयार किया गया है। साथ ही, 5 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बनने के लिए कई बातों पर विशेष ध्यान दिया गया है। इसमें आर्थिक विकास की रफ्तार में कृषि की भूमिका अहम होगी।
इकोनॉमिक सर्वे के मुताबिक अगले वित्त वर्ष में देश की अर्थव्यवस्था में पूरी रिकवरी देखने को मिलेगी। कोरोना महामारी की वजह से सुस्त पड़ी अर्थव्यवस्था रफ्तार पकड़ रही है। देश में V-Shaped रिकवरी देखने को मिली है।
बिजनेस एक्टिविटी बढ़ेगी
इसके अलावा इस इकोनॉमिक सर्वे में निवेश बढ़ाने वाले कदमों पर जोर देने की बात भी कही गई है। सरकार का मानना है कि ब्याज दर कम होने से बिजनेस एक्टिविटी बढ़ेगी।सर्वेक्षण में लिखा गया, ‘ इतिहास में ऐसा कभी नहीं हुआ कि दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था को BBB- की रेटिंग मिली हो।'
सर्वे में आगे लिखा है, 'भारत की सॉवरेन क्रेडिट रेटिंग्स फंडामेन्टल्स के बारे में जानकारी नहीं देते हैं। लेकिन भारत की वित्तीय नीति का फंडामेंटल मजबूत है, जिसकी वजह से देश फॉरेक्स रिज़र्व 2.8 स्टैंडर्ड डिविएशन को कवर करने में सक्षम है।’
वित्त वर्ष 2022 में 11 फीसदी रह सकती है देश की जीडीपी
बता दें इकोनॉमिक सर्वे के मुताबिक वित्त वर्ष 2021 में सर्विस और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर निगेटिव जोन में रहा है लेकिन वित्त वर्ष 2022 में 11 फीसदी जीडीपी (Real GDP) ग्रोथ का अनुमान लगाया गया है।