उत्तर प्रदेश के पूर्व कैबिनेट मंत्री और समाजवादी पार्टी के फायरब्रांड नेता आजम खान की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं।
फिरोजाबाद। उत्तर प्रदेश के पूर्व कैबिनेट मंत्री और समाजवादी पार्टी के फायरब्रांड नेता आजम खान की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। सन् 2007 में विधानसभा चुनाव के दौरान भड़काऊ भाषण देने के मामले में सपा के कद्दावर नेता आजम खां के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी हुए हैं।
क्या है मामला
मामला अप्रैल 2007 के विधानसभा चुनाव से जुड़ा है। आजम खां फिरोजाबाद सीट से समाजवादी पार्टी प्रत्याशी अजीम भाई के समर्थन में सभा करने आए थे, इस दौरान आजम खां ने हुसैनी मोहल्ले में भड़काऊ भाषण दिए। तत्कालीन एसडीएम सदर ने भाषणों की सीडी देखने के बाद थाना रसूलपुर में उत्तेजक भाषण देने पर धारा 144 के उल्लंघन का मुकदमा दर्ज कराया था। बाद में मुकदमे में धारा 148 और 153 ए को जोड़ा गया। अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम कल्पराज सिंह ने मामले में शुक्रवार को आजम खां के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिए हैं।
कई बार लग चुके हैं भड़काऊ भाषण के आरोप
समाजवादी पार्टी नेता आजम खां भड़काऊ भाषण के चलते कई बार घिर चुके हैं। वह अपने आक्रामक और प्रभावी भाषण के लिए जाने जाते हैं। उनके भाषणों में नरेंद्र मोदी, संघ औऱ आरएसएस निशाने पर रहते हैं। बीते दिनों उन्होंने कई बार ऐसे भाषण दिए जिनकी वजह से उनकी पार्टी भी असहज हुई। सपा सरकार के दौरान एक्सप्रेवे पर हुए सामूहिक बलात्कार के मामले में आजम खां विवादित भाषण देकर घिर गए थे। आजम के बायन की वजह से सपा सरकार की भी जमकर किरकिरी हुई थी अब योगी सरकार में आजम की इन्हीं विवादित भाषणों के चलते मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं ।