गाज़ियाबाद

दिल्ली की पूर्व सीएम शीला दीक्षित बोलीं, परमाणु ऊर्जा से होगा देश का विकास

परमाणु ऊर्जा जनजागरूकता अभियान के दौरान कार्यक्रम संचालक संदीप पाल ने की परमाणु ऊर्जा की पैरवी    

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गाजियाबाद. देश में बढ़ती संख्या और शहरीकरण के चलते बिजली की मांग लगातार बढ़ती जा रही है। आज विघुत आपूर्ति केंद्र और राज्य सरकार दोनों के लिए चुनौती से कम नही है। विघुत आपूर्ति आज चुनावी मुद्दा बन गई है। यह बात उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद शासकीय विघालय में (भारत सरकार का उपक्रम) न्यूक्लियर पावर कार्पोरेशन आॅफ इण्डिया व विज्ञान प्रसार मंत्रालय भारत सरकार ( विज्ञान क्लब ) से संबद्ध संस्था (साथी ह्यूमन वेलफेयर सोसाइटी) द्वारा चलाए जा रहे परमाणु ऊर्जा जनजागरूकता अभियान के दौरान कार्यक्रम संचालक संदीप पाल ने कही। वहीं इस मुद्दे पर दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने कहा कि परमाणु ऊर्जा देश के लिए फायदेमंद है। यदि इससे किसी को नुकसान नहीं पहुंचाता है तो यह भविष्य में बिजली उत्पादन को बड़ा स्रोत साबित होगा।

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पाल ने कहा कि जिस प्रकार जीवन के लिए हवा, पानी, भोजन की आवश्यकता है। ठीक वैसे ही ऊर्जा (बिजली) आज हमारे जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी है। बगैर इसके हम जीवन की कल्पना नहीं कर सकतें है। वर्तमान में विश्व के तमाम देशों की अर्थ व्यवस्था को मजबूत करने और देश की तरक्की में ऊर्जा का महत्वपूर्ण योगदान है।

उन्होंने स्थानीय द बेस्ट कोचिंग क्लासेज के छात्राओं में विकिरण (रेडिएशन) के भय को दूर करने का प्रयास किया गया। साथ ही कोचिंग के छात्रों को एक था बुधिया (कहानी खुशहाल गांव की) काॅमिक निःशुल्क प्रदान की । संदीप पाल ने कहा कि आजादी के इतने सालों बाद भी देश में 20-25 प्रतिशत लोगों को अपना जीवन अन्धकार में व्यतीत करना पड़ा रहा है। जिस कारण उक्त क्षेत्रों में शिक्षा, चिकित्सा सेवा बदहाल है, उद्योग-धंधे प्रभावित हैं, लोग आर्थिक रूप से पिछडे़ हुये हैं। आज केन्द्र और राज्य सरकारों के लिए देश की जनता को 24 घंटे सस्ती बिजली उपलब्ध कराना चुनौती बन गया है।

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उन्होंने कहा कि वर्तमान में पारंपरिक श्रोतों से ऊर्जा की आपूर्ति सम्भव नहीं है। देश में कोयले और गैस के भंडार सीमित हैं तथा जीवाश्म ईंधन प्रचलित बिजलीघरों से उत्पन्न होने वाली ग्रीन हाउस गैसों के प्रति विश्व की बढ़ती चिन्ताओं के कारण आने वाले समय में परमाणु ऊर्जा को प्रोत्साहित करना तथा प्रयोग में लाना अति आवश्यक है। आज देश में कुछ संगठन द्वारा जनता में रेडिएशन का भय दिखाकर उनके मन में परमाणु संयंत्र कों लेकर भ्रामक फैलाया जा रहा है। जबकि आज रेडिएशन का इस्तेमाल एक्सरे व कैंसर की बीमारी समेत अन्य बीमारियों से लड़ने में किया जा रहा है। ऐसे संगठन व लोग देश के विकास की राह में बाधा हैं। हम कह सकते है कि विकरण शत्रु नहीं मित्र है।

एनपीसीआईएल के संदीप ने कहा कि आज फ्रांस, रूस, चाईना, जापान, ब्रिटेन, अमरीका समेत विश्व के 31 देशों ने परमाणु ऊर्जा का बेहतर इस्तेमाल कर खूब तरक्की की है। ऐसे में हम और हमारा देश पीछे क्यो रहे। रेडिएशन से डरने की जरूरत नहीं है, आज बीमारियों से लड़ने में, सूई को संक्रमण से बचाने, फलों को सड़ने व अन्य चीजों में रेडिएशन का इस्तेमाल होता है, जो हमारे हित में है। इसलिए हम कह सकते हैं कि विकरण दुश्मन नहीं दोस्त है।

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Published on:
08 May 2018 02:45 pm
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