गाज़ियाबाद

UP Board Results 2022: गाजियाबाद जेल में बंद हत्यारोपी ने हासिल किए 76% मार्क्स, 171 बंदियों ने पास की परीक्षाएं

UP Board 10th 12th Results 2022: उत्तर प्रदेश कारागार मुख्यालय से जारी आंकड़ों के अनुसार इस बार हाई स्कूल बोर्ड की परीक्षा में कुल 119 बंदी शामिल हुए थे। जिसमें 104 बंदियों ने परीक्षा पास की है।
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UP Board Results 2022: गाजियाबाद जेल में बंद हत्यारोपी ने हासिल किए 76% मार्क्स, 171 बंदियों ने पास की परीक्षाएं

लंबे इंतजार के बाद आखिरकार उत्तर प्रदेश माध्यमिक बोर्ड ने शनिवार 18 जून को 10वीं और 12वीं का रिजल्ट जारी कर दिया। इस बार भी छात्रों से ज्यादा छात्राएं अच्छा प्रदर्शन करने में सफल रहीं। इस बीच प्रदेया की जेल से परीक्षा देने वाले बंदियों ने भी अच्छा प्रदशर्न किया। जिस जेल को क्रिमिनल का अड्डा समझा जाता है, वहां शनिवार को रिजल्ट के साथ ही बंदियों ने अच्छे नंबर लाकर जेल की तस्वीर को बदलने की दिशा में एक कदम आगे बढ़ाया है। बता दें कि यहां जेलों में बंद रह कर अपने अपराध की सजा काट रहे 171 कैदियों ने भी दसवीं और बारहवीं की परीक्षा पास की है।

गाजियाबाद जेल के बंदी को 10वीं में मिले सर्वाधिक अंक

उत्तर प्रदेश कारागार मुख्यालय से जारी आंकड़ों के अनुसार इस बार हाई स्कूल बोर्ड की परीक्षा में कुल 119 बंदी शामिल हुए थे। जिसमें 104 बंदियों ने परीक्षा पास की है। गाजियाबाद की जेल में हत्या के आरोप में बंद अर्जुन ने हाई स्कूल की परीक्षा में सर्वाधिक अंक हासिल किए हैं। दरअसल दिसंबर 2017 से गाजियाबाद जेल में बंद बंदी अर्जुन ने इस साल हाई स्कूल की परीक्षा दी थी। इस पीक्षा में उसने 76 प्रतिशत अंक हासिल किए। वहीं इंटरमीडिएट की परीक्षा में कुल 99 बंदी शामिल हुए थे, जिनमें से 67 बंदियों ने परीक्षा पास की है।

बंदियों को पढ़ने के जेल में कराई गई थी पूरी व्यवस्था

आपको बता दें कि इंटरमीडिएट की परीक्षा में सर्वाधिक अंक पाने वाला बंदी लोकेश सहारनपुर जेल में सजा काट रहा है। लोकेश ने परीक्षा में 72 फीसदी अंक हासिल किए हैं। वहीं डीजी जेल आनंद कुमार ने बताया कि हाईस्कूल और इंटरमीडिएट में आए इस रिजल्ट के लिए जेल प्रशासन और उसके अफसरों ने पहले से तैयारी की थी। सभी जेल अधिकारियों को बंदियों की शिक्षा के विशेष इंतजाम करने के निर्देश दिए गए थे। जेलों में लाइब्रेरी को समृद्ध कराया गया था जिससे बंदियों को पढ़ने की किताब जेलों में ही मिल सके। वहीं अध्यापकों ने भी जेल में बंद उच्च शिक्षा प्राप्त बंदीयों की सहायता की।

Published on:
19 Jun 2022 09:24 am
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