
Hanumangarhi Temple: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा दिए गए हनुमानगढ़ी की सीढ़ियों पर नमाज पढ़े जाने संबंधी बयान को लेकर प्रदेश में राजनीतिक तेज हो गई है। हनुमानगढ़ी मंदिर पर CM योगी आदित्यनाथ के बयान पर पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह का भी बयान सामने आया है। गोंडा से बृजभूषण सिंह ने कहा कि हनुमानगढ़ी में कभी नमाज नहीं पढ़ी गई, ऐसा कहना गलत है। लोगों को पता होना चाहिए कि यह हनुमानगढ़ी एक मुस्लिम ने बनवाया था। वहां लगे एक पत्थर के शिलालेख पर इसका जिक्र है।
आपको बता दें कि बीते दिनों सीएम योगी ने अयोध्या में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस और समाजवादी पार्टी दोनों पर हमला बोला था। उन्होंने आरोप लगाया कि इन दलों ने भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाए और अयोध्या के विकास का विरोध किया। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में हनुमानगढ़ी की सीढ़ियों पर कथित तौर पर नमाज पढ़ने की कोशिश का भी उल्लेख किया था। उन्होंने कहा कि जो लोग आज भगवान राम और आस्था की बात कर रहे हैं, उन्होंने हाल ही में हनुमानगढ़ी की सीढ़ियों पर नमाज पढ़ने का प्रयास किया था।
उनकी यह टिप्पणी BJP के उस पुराने आरोप से जुड़ी है, जिसमें कहा जाता रहा है कि साल 2003 में मुलायम सिंह यादव के नेतृत्व वाली समाजवादी पार्टी सरकार के दौरान हनुमानगढ़ी मंदिर के पास रमजान की नमाज और इफ्तार आयोजित करने की कोशिश हुई थी।
CM ने इस मुद्दे पर सवाल उठाते हुए कहा, 'क्या कोई जामा मस्जिद के अंदर हनुमान चालीसा का पाठ कर सकता है? क्या कोई सरकार ऐसा करा सकती है? क्या कांग्रेस या समाजवादी पार्टी ऐसा करा सकती है? अगर नहीं, तो फिर हनुमानगढ़ी की सीढ़ियों पर ऐसा करने की अनुमति क्यों दी गई? ऐसा प्रयास क्यों हुआ?'
SP नेता आजम खान की बनाई जौहर यूनिवर्सिटी की 38 इमारतों को गिराने के आदेश पर BJP नेता बृजभूषण शरण सिंह ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। बृजभूषण सिंह ने कहा कि मैंने जो सुना है, उसके मुताबिक़ इसमें करीब 38 इमारतें शामिल हैं और उनमें से ज्यादातर कथित तौर पर अवैध हैं। उन्हें क्यों गिराया जा रहा है या नहीं, यह मेरा विषय नहीं है। अगर वे अवैध हैं, तो उन्हें गिराया जा रहा है।