
जलभराव को लेकर सीएम योगी का बड़ा बयान। Image-Video Grab
Ram Mandir Donation Dispute Row Ayodhya: उत्तर प्रदेशके मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (cm yogi adityanath) ने शनिवार को समाजवादी पार्टी (SP) पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि उसके शासनकाल में मंदिरों पर कब्जा किया जाता था और श्रद्धालुओं द्वारा दिए गए चढ़ावे का इस्तेमाल मस्जिदों की दीवारें बनाने में किया जाता था।
मुख्यमंत्री का यह बयान कथित राम मंदिर दान चोरी मामले की जांच के बीच आया है, जिसको लेकर BJP और विपक्ष के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।
अयोध्यामें एक जनसभा को संबोधित करते हुए CM योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी दोनों पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि इन दलों ने भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाए और अयोध्या के विकास का विरोध किया। CM योगी ने कहा कि समाजवादी पार्टी ने अपने शासनकाल में मंदिरों के संसाधनों का दुरुपयोग किया। उनके अनुसार, मंदिरों पर कब्जा किया जाता था और श्रद्धालुओं के चढ़ावे का उपयोग मस्जिदों की दीवारें बनाने के लिए किया जाता था।
उन्होंने यह भी कहा कि राम मंदिर और उससे जुड़े चढ़ावे के मुद्दे पर विभिन्न राजनीतिक दल लगातार एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं।
CM योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में हनुमानगढ़ी की सीढ़ियों पर कथित तौर पर नमाज पढ़ने की कोशिश का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि जो लोग आज भगवान राम और आस्था की बात कर रहे हैं, उन्होंने हाल ही में हनुमानगढ़ी की सीढ़ियों पर नमाज पढ़ने का प्रयास किया था।
उनकी यह टिप्पणी BJP के उस पुराने आरोप से जुड़ी है, जिसमें कहा जाता रहा है कि साल 2003 में मुलायम सिंह यादव के नेतृत्व वाली समाजवादी पार्टी सरकार के दौरान हनुमानगढ़ी मंदिर के पास रमजान की नमाज और इफ्तार आयोजित करने की कोशिश हुई थी। पूर्व उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक और BJP सांसद बृजलाल पहले भी दावा कर चुके हैं कि स्थानीय पुलिस ने प्रस्तावित नमाज की अनुमति नहीं दी थी, जिसके चलते यह आयोजन नहीं हो सका।
CM ने इस मुद्दे पर सवाल उठाते हुए कहा, "क्या कोई जामा मस्जिद के अंदर हनुमान चालीसा का पाठ कर सकता है? क्या कोई सरकार ऐसा करा सकती है? क्या कांग्रेस या समाजवादी पार्टी ऐसा करा सकती है? अगर नहीं, तो फिर हनुमानगढ़ी की सीढ़ियों पर ऐसा करने की अनुमति क्यों दी गई? ऐसा प्रयास क्यों हुआ?"
योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर अयोध्या के विकास का विरोध करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि एक समय समाजवादी पार्टी के नेता अयोध्या में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बनने की बात का मजाक उड़ाते थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज अयोध्या में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा है, लेकिन विपक्ष उसके नाम से भी खुश नहीं है, क्योंकि उसका नाम महर्षि वाल्मीकि के नाम पर रखा गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाती थीं, लेकिन भाजपा सरकार बनने के बाद राम मंदिर का निर्माण संभव हुआ।
CM योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में वक्फ से जुड़े मुद्दे का भी जिक्र किया। उन्होंने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस से सवाल करते हुए कहा कि अयोध्या में कथित चोरी के मामले को लेकर हिंदू आस्था का मजाक बनाया जा रहा है, लेकिन क्या उन्होंने कभी वक्फ के नाम पर राज्य और देशभर में हजारों हेक्टेयर जमीन की बिक्री पर आवाज उठाई? मुख्यमंत्री ने कहा कि यह जमीन गरीबों और कमजोर वर्गों की थी, जिसे उन्हें पट्टे पर दिया जा सकता था या उनके कल्याण के लिए इस्तेमाल किया जा सकता था।
मुख्यमंत्री का यह बयान ऐसे समय आया है जब राम मंदिर से जुड़े दान और कथित चोरी के मामले को लेकर राजनीतिक विवाद जारी है। भाजपा और विपक्षी दल अयोध्या तथा राम मंदिर परियोजना को लेकर लगातार एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं।
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Updated on:
11 Jul 2026 02:02 pm
Published on:
11 Jul 2026 02:02 pm
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