
SSP Gorakhpur Action:गोरखपुर में बीते कई मामलों में पुलिस की लापरवाही से बड़ी घटनाएं सामने आई हैं इसमें सिपाही द्वारा मासूम बच्ची से रेप और हत्या का मामला दिल दहला देने वाला था, इसके अलावा दो मासूम बच्चों की पुलिस लापरवाही के कारण हुई हत्या से विभाग की किरकिरी हुई। इन सबके बीच तीन कुख्यात गैंगस्टर के साथ ही दो दर्जन से ज्यादा लोगों का पासपोर्ट के लिए फर्जी वेरिफिकेशन करने के आरोपी सिपाही को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। यह कारवाई तब हुई जब पंजाब पुलिस एक गैजेस्टर जीवनजीतन सिंह बिल्ला का फर्जी पासपोर्ट गोरखपुर बनने के बाद पंजाब पुलिस ने गोरखपुर पुलिस से संपर्क कर इनवेस्टिगेशन किया।
पुलिसकर्मियों द्वारा ही विभाग की किरकिरी करने के बाद सोमवार की देर रात SSP डॉक्टर कौस्तुभ ने एक्शन लेते हुए वसूली, भ्रष्टाचार, लापरवाही और अन्य गंभीर आरोपों का सामना कर रहे 45 पुलिसकर्मियों को लाइनहाजिर कर दिया गया है। इनके खिलाफ पहले से चल रही विभागीय जांच की स्थिति की समीक्षा शुरू कर दी गई है। एसएसपी डॉ. कौस्तुभ का कहना है कि जिन मामलों में आरोप प्रमाणित होंगे, उनसे संबंधित पुलिसकर्मियों की बर्खास्तगी की संस्तुति शासन को भेजी जाएगी।
1- बता दें कि शनिवार को पिपराइच थानाक्षेत्र के बेला चौराहे पर शनिवार रात पुरानी रंजिश और छेड़खानी के विवाद को लेकर हुई हिंसक झड़प में नौ वर्षीय सरस सिंह की इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं, उसके मौसेरे भाई, 19 वर्षीय शिवकुमार सिंह को गंभीर हालत में पिपराइच पुलिस ने बीआरडी मेडिकल कालेज में भर्ती कराया है। इस मामले में SSP ने पिपराइच थानेदार निरीक्षक विवेक त्रिवेदी और हल्का दारोगा अंजनी तिवारी को सस्पेंड कर दिया।
2 - दिल्ली व पंजाब के तीन गैंग्सटरों समेत 22 लोगों के फर्जी पासपोर्ट बनवाने के आरोप में गोरखनाथ थाना पुलिस ने शनिवार को जीआरपी में तैनात सिपाही को गिरफ्तार कर लिया। गाजीपुर जिले के रहने वाले आरोपित ने गोरखनाथ थाने पर तैनाती के दौरान फर्जी पता व नाम से बनवाए गए पासपोर्ट का सत्यापन किया था।
3- पुलिस विभाग के सिपाही द्वारा दिल दहला देने अपराध किया गया जिसमें पहले उसने जिला अस्पताल से बहला फुसला कर दस वर्षीय मासूम को अपने साथ ले जाकर उसके साथ दरिंदगी करने के बाद जघन्य हत्या कर शव नदी में फेंक दिया।
इस घटना के बाद से आम जनता में पुलिस के प्रति काफी आक्रोश बढ़ गया है। इस मामले में भी पुलिसकर्मियों की ड्यूटी में लापरवाही मिलने पर SSP ने जिला अस्पताल से 10 वर्षीय बालिका के अपहरण और हत्या के मामले में तत्काल प्रभावी कार्रवाई न करने पर एसएसपी डा. कौस्तुभ ने शुक्रवार शाम कोतवाली थाना प्रभारी निरीक्षक छत्रपाल सिंह को लाइन हाजिर कर दिया। वहीं, नगर निगम चौकी प्रभारी दीपशिखा को निलंबित कर दिया गया।
4- सर्राफा कारोबारी के 10 वर्षीय पौत्र वैभव वर्मा की हत्या कर दी गई। अपहरण का मुकदमा दर्ज कर तलाश में जुटी खजनी पुलिस व क्राइम ब्रांच की टीम को मंगलवार की सुबह पड़ोस में रहने वाले सर्वेश भट्ट के बेसमेंट में वैभव का शव मिला।
इन घटनाओं के बाद पुलिस विभाग को साख पर बट्टा लगा है, पुलिस अधिकारी अब डैमेज कंट्रोल में जुटे हुए हैं। लाइनहाजिर किए गए 45 पुलिसकर्मियों के अलावा कई अन्य के खिलाफ भी भ्रष्टाचार, अवैध वसूली कर्तव्य में लापरवाही की शिकायतों की जांच चल रही है। जांच में यदि आरोप सही पाए गए तो उनके खिलाफ भी लाइनहाजिर से लेकर निलंबन अथवा विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। वरिष्ठ अधिकारी सभी लंबित मामलों की नियमित समीक्षा कर रहे हैं ताकि किसी भी स्तर पर दोषियों को बचने का अवसर न मिले।