गोरखपुर में ओवरब्रिज हादसे में गंभीर रूप से घायल दूसरे व्यक्ति की भी शुक्रवार सुबह एम्स में इलाज के दौरान मौत हो गई। इसके साथ ही इस हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर दो हो गई है। इससे पहले बीआरडी मेडिकल कॉलेज के एमबीबीएस तृतीय वर्ष के छात्र की मौके पर ही मौत हो गई थी।
गोरखपुर में होली की शाम बुधवार को बेकाबू फॉर्च्यूनर की चपेट में आए डॉक्टर के भाई उमेश शर्मा (50) की भी देर रात एम्स में इलाज के दौरान मौत हो गई।
स्कूटी से घर वापस आ रहे थे तभी रास्ते में बेकाबू ब्लैक फॉर्च्यूनर की चपेट में आकर वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे जिसके बाद उन्हें एम्स में भर्ती कराया गया था।
गुरुवार देर रात उनकी मौत हो गई। बता दें कि फॉर्च्यूनर की टक्कर से MBBS छात्र आकाश पांडेय की मौके पर ही मौत हो गई थी।
शाहपुर थानाक्षेत्र के गीता वाटिका के पास रहने वाले डॉ. कमलेश कुमार शर्मा ने शाहपुर थाने में तहरीर दी है। डॉक्टर ने बताया कि होली के दिन बड़े भाई बुधवार की रात करीब 9:30 बजे स्कूटी से घर आ रहे थे।
वह मोहद्दीपुर-कौवाबाग के पास पहुंचे थे तभी गलत दिशा से एक तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर अनियंत्रित तरीके से लहराते हुए आई और उमेश शर्मा की गाड़ी में टक्कर मार दी।
जबरदस्त टक्कर से वह रेलिंग से जाकर टकराते हुए गिर गए। उन्हें गंभीर चोट आई थी। घटना के बाद से ही वह कोमा में चले गए थे और उनकी गुरुवार देर रात मौत हो गई।
इधर गुरुवार की शाम सड़क हादसे में जान गंवाने वाले MBBS छात्र आकाश पांडेय को बीआरडी मेडिकल कॉलेज में साथियों, इंटर्न डॉक्टरों और अन्य छात्रों ने कैंडल मार्च निकालकर श्रद्धांजलि दी। गुरुवार को बड़ी संख्या में छात्र कॉलेज परिसर में जुटे और हाथों में कैंडल लेकर शांतिपूर्ण मार्च किया। कैंडल मार्च में शामिल छात्रों ने कहा कि हादसे के आरोपी गोल्डन साहनी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।