
ग्रेटर नोएडा। रागिनी गायिका सुषमा की हत्या की गुत्थी सुलझाने में अभी पुलिस उलझी हुई है। फिलहाल वह तीन एंगल से इस हत्याकांड की जांच कर रही है। इसमें संपत्ति विवाद, जागरण कार्यक्रम के पैसे और पति व दोस्त के बीच विवाद शामिल है। हालांकि पुलिस का दावा है कि उनके हाथ कुछ अहम सबूत लगे हैं और वह शीघ्र ही इस मामले का खुलासा कर देगे। इस बीच बुलंदशहर के एसएसपी ने सुषमा के मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में नई मंडी चौकी प्रभारी राजीव कौशिक को सस्पेंड कर दिया है।
घर के बाहर गाड़ी से ही उतरते समय बदमाशों ने मार दी गोली
मित्रा सोसायटी स्थित लोक कलाकार रागिनी गायिका सुषमा का ये ही मकान है। वह रात के समय बुलंदशहर से अपने ग्रेटर नोएडा स्थित घर पहुंची थी। जहां बाइक सवार बदमाशों ने सुषमा को गोली मार दी और आरोपी फरार हो गये। 19 अगस्त को सुषमा पर बुलंदशहर में एक कार्यक्रम में गई थीं। वहीं पर उन पर जानलेवा हमला हुआ था। सुषमा ने उस मामले की एफआईआर दर्ज कराई थी, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। एक अक्टूबर को सुषमा पुलिस से अपने उसी मामले की प्रगति जानने बुलंदशहर गई थी। मृतक सुषमा के भाई का आरोप है कि बुलंदशहर पुलिस की लापरवाही ने ही उसकी बहन की जान ले ली। अगर पुलिस उसकी शिकायत पर कार्रवाई करती तो उसकी हत्या नहीं होती।
तेजी से नाम कमा रही थी सुषमा
प्रख्यात रागिनी गायक ब्रह्मपाल सिंह नागर ने इस मामले में नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि सुषमा तेजी से रागिनी के क्षेत्र में अपना नाम कमा रही थी। वह बार-बार पुलिस से कार्रवाई करने और सुरक्षा देने की गुहार लगाने के बावजूद पुलिस ने गोर नहीं किया। बीते कुछ महीनों के दौरान यूपी और हरियाणा में रागिनी गायिकाओं की हत्या के बाबत ब्रह्मपाल नागर ने कहा कि तरक्की से जलने वालों की कमी नहीं होती है।