ग्वालियर

बेटा तो हमेशा के लिए चला गया अब कौन बनेगा सहारा

अनिकेत का पैतृक गांव में अंतिम संस्कार, अनिकेत के साथी अक्षय की हालत अभी भी गंभीर
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Oct 16, 2019
national level hockey players Ankit die in car accident
बेटा तो हमेशा के लिए चला गया अब कौन बनेगा सहारा

ग्वालियर। व्यावरा में कार एक्सीडेंट में हॉकी खिलाड़ी अनिकेत वरुण की दर्दनाक मौत के बाद मंगलवार सुबह उनका शव न्यू रेलवे कॉलोनी स्थित घर पर लाया गया यहां से परिजन अनिकेत का अंतिम संस्कार पैतृक गांव छतेनी, कानपुर में लेकर रवाना हो गए। वहां शाम को गंगा नदी किनारे उनका अंतिम संस्कार किया गया। न्यू रेलवे कॉलोनी में जब उनका शव लाया गया तो पूरी बस्ती अनिकेत के घर पर पहुंच गई। लोगों ने अपने लाडले का आखिरी बार चेहरा दिखाने के लिए कहा तो व्यथित परिजन ने अनिकेत के चेहरा खोल दिया। इस मंजर से वहां मौजूद लोग फफक कर रो पड़े।

अनिकेत की मां मीना वरुण और राजकुमार का बुरा हाल था। मीना अपनी सुध बुध खो चुकी थीं। बार-बार लोगों से कह रही थी कि अनिकेत हमेशा के लिए चला गया। अब उनका सहारा कौन बनेगा। उधर हादसे में जख्मी अनिकेत के साथी अक्षय अवस्थी की हालत गंभीर बनी है। अक्षय के परिजन भोपाल पहुंच चुके हैं। उसके बारे में यहां पड़ोसी और परिचित लगातार उनसे जानकारी ले रहे हैं। अनिकेत और अक्षय दोनों मध्यप्रदेश हॉकी अकादमी में साथ तो खेलते ही थे पड़ोसी भी थे। पिछले करीब दो महीने से दोनों भोपाल में अकादमी में थे। दो दिन पहले साथी हॉकी खिलाड़ी का जन्म दिन मनाने के लिए कार से होशंगाबाद आए थे। वहां से वापस लौटते वक्त उनकी कार ब्यावरा के पास पेड़ से टकराई थी इसमें चार साथी खिलाडिय़ों की मौत हो गई थी जबकि तीन जख्मी थे।

शुरु से हॉकी से लगाव था

दो महीने पहले जब ग्वालियर आया था तो मौहल्ले में सभी से मुलाकात की थी, उसने वादा किया था कि उसका टारगेट इंडियन हॉकी टीम में शामिल होना और देश के लिए गोल्ड जीतना है। इसलिए पुरजोर कोशिश में था। कोच दिलशाद ने बताया कि अनिकेत जब छोटा था तो घर से सटे हॉकी स्टेडियम में आ जाता था। उसे शुरु से हॉकी से लगाव था, सेंटर फारवर्ड पर खेलता था। उसकी मौत ने हमसे एक होनहार हॉकी खिलाडी छीन लिया है।


सुध बुध खो गए नाना
अनिकेत उर्फ अन्नू की मां अशोकनगर में है, इसलिए अन्नू और उसकी बहन सारिका की देखभाल के लिए नाना, नानी साथ रहते थे। अनिकेत की कार एक्सीडेंट में मौत हो गई है दोपहर तक बुजुर्ग नाना को घटना की जानकारी नहीं दी थी। लेकिन जब घर के बाहर तंबू और आने जाने वालों के लिए कुर्सियों का इंतजाम किया गया तो नाना को शक हुआ उन्होंने पूछा कि यह सब क्यों हो रहा है तो उन्हें दर्दनाक घटना बताना पडी। नाती की मौत की खबर सुनकर वह बदहवास हो गए। सोमवार को अनिकेत के पिता राजकुमार भी पत्नी के पास अशोकनगर में थे।

कैसा है अक्षय, सही हालत बताओ
उधर अक्षय की हालत को लेकर भी मौहल्ले में चिंता है, उनके पडोसी और चाचा अमित लगातार अक्षय के स्वास्थ के बारे में जानकारी ले रहे हैं। बस्ती वाला का कहना हे एक्सीडेंट में लाडले अनिकेत को तो खो चुके हैं, लगातार दुआ कर रहे हैं कि इश्वर अक्षय को तो जिदंगी दे।

Updated on:
16 Oct 2019 11:28 am
Published on:
16 Oct 2019 11:28 am