ग्वालियर

रडार पर हैं 1000 अकाउंट्स, सोशल मीडिया पर हथियार दिखाए तो खैर नहीं

MP News: एक हजार से ज्यादा सोशल मीडिया अकाउंट्स को रडार पर लिया गया है, जिनकी बारीकी से निगरानी की जा रही है।
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weapons on social media
weapons on social media (Photo Source - Patrika)

MP News: सोशल मीडिया पर हथियारों का 'दिखावा' करने का शौक अब महंगा पड़ेगा। ग्वालियर में पहली बार पुलिस ने ऐसे लोगों पर शिकंजा कसने की कमर कसी है, जो फेसबुक, इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर हथियार थामकर 'रसूख' और 'दहशत' फैलाने का प्रयास करते हैं। जिले में एक हजार से ज्यादा सोशल मीडिया अकाउंट्स को रडार पर लिया गया है, जिनकी बारीकी से निगरानी की जा रही है।

पुलिस की विशेष टीम इन अकाउंट्स को खंगाल रही है और यदि किसी भी व्यक्ति के हाथ में तमंचा, बंदूक या कोई भी अवैध हथियार दिखाई देता है, तो उस पर तत्काल मुकदमा दर्ज किया जाएगा। ग्वालियर और चंबल अंचल में अवैध हथियारों का शौक सिर चढ़कर बोलता है। जिले में जहां लाइसेंसी शस्त्रधारकों की संख्या 35 हजार को पार कर रही है, वहीं अवैध कट्टों और बंदूकों की गिनती का कोई हिसाब नहीं है।

हथियारों का हो रहा दिखावा

हथियारों का दिखावा करके अपराध, दहशत और माहौल बिगाड़ने की कोशिश की जा रही है। अभी कुछ दिन पहले ही लॉरेंस बिश्नोई स्टाइल में रंगदारी मांगने और फायरिंग का वीडियो भी वायरल हुआ था। पुलिस की नजर में, सोशल मीडिया पर हथियारों का इस तरह का दिखावा केवल एक अपराध नहीं है यह लोगों में दहशत भी फैलाता है। ऐसी पोस्टें आम जनता, खासकर युवाओं में बेवजह की दहशत पैदा करती हैं। यह प्रवृत्ति समाज में अशांति और अपराध को बढ़ावा दे सकती है। कानून के दायरे में, हथियारों का इस तरह प्रदर्शन करना स्पष्ट रूप से एक अपराध है।

नकेल कसने की तैयारी

एएसपी अनु बेनीवाल ने बताया, सोशल मीडिया पर हथियारों का दिखावा करने वालों पर अब कसावट की जाएगी। जिले में इस तरह की कार्रवाई पहली बार हो रही है। शुरुआती दौर में करीब एक हजार सोशल मीडिया अकाउंट्स को निगरानी में लिया गया है। इनमें अपराधी, रंगबाज, कई रसूखदार और युवा वर्ग के लोग शामिल हैं, जिनके फेसबुक और इंस्टाग्राम ने अकाउंट्स को हमारी पुलिस की टीम खंगाल रही है।

Updated on:
16 Dec 2025 01:13 pm
Published on:
16 Dec 2025 01:13 pm