हनुमानगढ़

हनुमानगढ़: एक साथ दो बेटों की मौत से पिता का रो-रोकर बुरा हाल, सांत्वना देने वालों के भी नहीं थमे आंसू

Road Accident: हनुमानगढ़ में संगरिया के शाहपीनी गांव के पास तेज रफ्तार बोलेरो ने बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में दो सगे भाइयों की मौत हो गई, जबकि एक अन्य बालक घायल हुआ।
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two brothers death in road accident
हादसे में दिवंगत भाई शाहपीनी निवासी लक्की व अनमोल (Photo - Patrika)

संगरिया. गांव शाहपीनी में शनिवार सुबह वह मंजर देख हर किसी की आंखें नम हो गईं, जब सड़क हादसे में जान गंवाने वाले लक्की [15] की अर्थी घर से उठी। जिस आंगन में दो भाइयों की चहकती आवाजें गूंजती थीं, वहां अब मातम पसरा था। मां-बाप की रुलाई थमने का नाम नहीं ले रही थी। परिवार के लिए यह दर्द इसलिए भी असहनीय था, क्योंकि एक दिन पहले छोटे बेटे अनमोल उर्फ मोले (10) का अंतिम संस्कार हुआ था। दोनों बेटों के एक साथ चले जाने से पिता का रो-रोकर बुरा हाल है कि उनकी हालत देख सांत्वना देने वाले की भी आंसू नहीं थमे।

पिता के साथ जा रहे थे कबड्डी दंगल देखने

उल्लेखनीय है कि गांव शाहपीनी के वार्ड एक के चरणजीतसिंह बाजीगर शुक्रवार सुबह अपने दोनों बेटों लक्की और अनमोल को कबड्डी दंगल दिखाने बाइक पर निकले थे। उन्हें क्या पता था कि बच्चों के साथ निकली यह सुबह परिवार के लिए जिंदगी की सबसे काली घड़ी बन जाएगी। चक हीरासिंहवाला मोड़ समीप श्रीगंगानगर की ओर से तेज गति से आई बोलेरो ने बाइक को चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों भाई गंभीर घायल हो गए। जबकि चरणजीत एक ओर गिरने से बच गया। हादसे में एक अन्य बालक अर्शदीप भी घायल हुआ, जिसका उपचार चल रहा है और उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।

इलाज के दौरान अनमोल ने तोड़ा दम

अनमोल ने सरकारी अस्पताल संगरिया में उपचार दौरान दम तोड़ दिया। वहीं गंभीर घायल लक्की ने श्रीगंगानगर में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करते हुए अंतिम सांस ले ली। शुक्रवार शाम अनमोल का अंतिम संस्कार हुआ और शनिवार सुबह लक्की की अर्थी उठी। लगातार दो दिनों में दो बेटों को खोने से परिवार टूट गया। लक्की के अंतिम संस्कार से पहले पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंपा।

संगरिया : अस्पताल में घायल लक्की का उपचार करते चिकित्सा कर्मी

पुलिस ने बोलेरो को किया जब्त

राजस्थान सरकार प्लेट लगी बोलेरो किसी सरकारी विभाग से अनुबंधित बताई जा रही है। जिसे जब्त कर पुलिस ने चालक के खिलाफ मामला दर्ज किया है। मामले की जांच एएसआई विजय कस्वां कर रहे हैं। अवनीश गोयल ने बताया कि चरणजीत सिंह नाई का काम कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। दोनों बेटों की मौत ने परिवार से उनकी खुशियां छीन लीं। जिस घर में दोनों भाई साथ खेलते और उनकी आवाजों से आंगन आबाद रहता था, वहां अब सन्नाटा है। मृतक किशोर कबड्डी खिलाड़ी थे और जिला स्तर पर खेल चुके। हादसे ने परिवार के दो चिराग एक साथ बुझा दिए। पीछे छोड़ गया हैं जिंदगी भर न भर पाने वाला गहरा जख्म।

Updated on:
06 Sept 2026 05:53 pm
Published on:
06 Sept 2026 05:49 pm