लंबा-चौड़ा बिल (Electricity Bill) लेकर उपभोक्ता (Electricity consumer) लगा रहा है बिजली ऑफिस (Electricity department office) के चक्कर मीडिया (Media) के दखल के बाद सहायक अभियंता राजस्व (Assistance engneer revanue) ने तकनीकी खराबी का बताया नतीजा सहायक अभियंता बोले, अपभोकता के आने पर ठीक बिल दे दिया जाएगा
हापुड़. दिल्ली से मात्र 55 किलोमीटर दूर बसे एनसीआर (NCR) के हापुड़ (Hapur) में बिजली विभाग की एक बड़ी लापरवाही सामने आई है। बिजली विभाग (Electricity department office) के इस कारनामे को सुनकर आपके भी होश उड़ जाएंगे। हापुड़ में बिजली विभाग ने एक उपभोक्ता (Electricity consumer) के 2 किलोवाट के घरेलू कनेक्शन का बिल (Electricity Bill) 1 अरब 28 करोड़ 45 लाख 95 हजार 444 रुपये का भेज दिया है। बिजली का बिल देखने के बाद उपभोक्ता सदमे में है। इसके बाद उपभोक्ता (Electricity consumer) विद्युत विभाग के अधिकारियों (Electricity department officers) के कार्यालय के चक्कर काट रहा है।
सिटी कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला चमरी निवासी एक व्यक्ति को बिजली निगम की ओर से 2 किलो वाट के घरेलू कनेक्शन का एक अरब 28 करोड़ 45 लाख 95 हजार 444 रुपए का बिल भेज दिया। इस बिल के मिलने के बाद उपभोक्ता के पैरों तले जमीन खिसक गई। बिल ठीक कराने के लिए उसे निगम कार्यालय में चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। हालांकि, इसे अधिकारी तकनीकी कमी बता रहे हैं।
बिजली निगम का गड़बड़झाला किसी से छिपा नहीं है, लेजर से हेरफेर और फर्जी बिल रसीद के चलते नलकूप उपभोक्ताओं के पास आज भी लाखों के बकाए के बिल पहुंच रहे हैं, जिसके कारण आए दिन किसानों का हंगामा होता रहता है, लेकिन अब एक नया कारनामा भी सामने आया है। जहां घरेलू उपभोक्ता के यहां हजारों या लाखों में नही, बल्कि 1 अरब 28 करोड़ 45 लाख 95 हजार 444 रुपय बिल भेज दिया है।
आपको बता दें कि मोहल्ला चमरी निवासी शमीम अपने परिवार के साथ रहता है और घर पर केवल 2 किलो वाट का कनेक्शन है, लेकिन मीटर रीडर ने उसे 1 अरब 28 करोड़ 45 लाख 95 हजार 444 रुपय बिल जारी कर दिया। इतनी अधिक रकम होने के बाद मीटर रीडर ने एक बार भी यह नहीं सोचा कि इतना अधिक बिल आ कैसे गया। बिल देखते ही उपभोक्ता के होश उड़ गए। आनन-फानन में वह निगम के अधिकारियों के पास पहुंचा तो किसी ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया, जिसके चलते वह विभाग के चक्कर लगा रहा है।
शमीम का कहना है कि वह मुश्किल से उसके घर का बिल 700 या 800 आता था, लेकिन इतना अधिक बिल देखकर उसके पैरों तले जमीन खिसक गई है। कई दिन से बिल ठीक कराने के लिए चक्कर लगा रहा है, लेकिन अभी तक किसी ने इसे ठीक करना जरूरी नहीं समझा है। इसके कारण उपभोक्ता सदमे में जी रहा है। उसे इस बात की चिंता खाए जा रही है कि वह गरीब होने के कारण इतना बिल कैसे चुका पाएगा। वहीं, इस मामले में जब पत्रिका ने विद्युत विभाग के सहायक अभियंता राजस्व से बात की तो उन्होंने बताया इतना बिल जिस उपभोक्ता का आया है, उसमे कहीं ना कहीं कोई टेक्निकल खराबी हो सकती है, जिसके कारण इतना अधिक बिल बन गया है। उपभोक्ता हमसे आकर मिले तो उपभोक्ता का बिल सही करा कर उसको सही बिल दे दिया जाएगा। बहरहाल, इसके पीछे चाहे टेक्निकल फाल्ट हो या किसी कर्मचारी की कोई गलती, लेकिन इसका खामियाजा उपभोक्ता तो दिमागी रूप से भुगत ही रहा है।