हापुड़

LPG crisis in UP: हापुड़ में अब्दुल रेहान के घर से 55 भरे एलपीजी सिलेंडर बरामद, गैस संकट के बीच प्रशासन की बड़ी कार्रवाई

LPG crisis in UP: हापुड़ प्रशासन ने अब्दुल रेहान के घर छापा मारकर 55 अवैध एलपीजी सिलेंडर बरामद किए हैं। आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है और पुलिस अब गैस कालाबाजारी के पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है।
2 min read
• •
Updated: 13 Mar 2026, 3:56 PM IST
Toll-free number issued to resolve gas supply issues in MP
Toll-free number issued to resolve gas supply issues in MP- Demo pic

उत्तर प्रदेश के कई जिलों में गैस सिलेंडर की किल्लत के बीच कालाबाजारी की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। इसी कड़ी में हापुड़ में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अब्दुल रेहान के घर छापेमारी की। इस दौरान वहां से 55 भरे हुए एलपीजी सिलेंडर बरामद किए गए।

गुप्त सूचना पर प्रशासन का छापा

पूरा मामला गांव असौड़ा का बताया जा रहा है। हापुड़ के रिहायशी इलाके में पिछले कई दिनों से गैस की किल्लत और कालाबाजारी की शिकायतें मिल रही थीं। लोगों का आरोप था कि गैस एजेंसियां समय पर सिलेंडर नहीं दे रही हैं जबकि ऊंचे दामों पर गैस आसानी से मिल रही है। इसी दौरान अधिकारियों को इनपुट मिली थी कि पंचायती घर के पास रहने वाला अब्दुल रहमान अपने घर में अवैध रूप से गैस सिलेंडरों का भंडारण कर रहा है। इस पर जिला प्रशासन और संबंधित विभाग की संयुक्त टीम ने अब्दुल रेहान के घर पर अचानक छापेमारी की। घर के अंदर और स्टोर रूम की तलाशी ली गई तो अधिकारियों की आंखें फटी रह गईं। वहां 3-4 नहीं बल्कि पूरे 55 भरे हुए सिलेंडर छिपाकर रखे गए थे।

आम जनता में भारी आक्रोश

जैसे ही यह खबर फैली कि एक घर में इतनी भारी मात्रा में गैस छिपाई गई है स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। निवासियों का कहना है कि उन्हें हफ्तों तक एजेंसी के चक्कर लगाने पड़ते हैं और खाली हाथ लौटना पड़ता है। लोगों ने सवाल उठाया है कि आखिर इतनी बड़ी संख्या में सिलेंडर एक ही घर तक कैसे पहुंचे? क्या इसमें गैस एजेंसियों की भी मिलीभगत है? प्रशासन अब सिलेंडरों के रिकॉर्ड खंगाल रहा है ताकि पता चल सके कि ये किस एजेंसी से और किन नामों पर जारी हुए थे।

योगी सरकार की 'जीरो टॉलरेंस' नीति

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले ही स्पष्ट कर दिया है कि आवश्यक वस्तुओं की कालाबाजारी और जमाखोरी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। इसी कड़ी में हापुड़ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। बरामद सिलेंडरों को जब्त कर लिया गया है। हापुड़ पुलिस के मुताबिक, आरोपी अब्दुल रेहान के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम (Essential Commodities Act) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। हालांकि सजा की अवधि 7 साल से कम होने के कारण आरोपी को थाने से जमानत मिल गई है लेकिन पुलिस जल्द ही चार्जशीट न्यायालय में पेश करेगी।

गैस एजेंसियों के नेटवर्क की जांच शुरू

प्रशासन अब इस बात की तह तक जाना चाह रहा है कि क्या यह महज एक घर का मामला है या इसके पीछे कोई संगठित गिरोह काम कर रहा है। अधिकारियों का मानना है कि बिना एजेंसी के कर्मचारियों की साठगांठ के इतनी बड़ी संख्या में भरे हुए सिलेंडर मिलना मुश्किल है। आने वाले दिनों में जिले की कई अन्य एजेंसियों और संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी की जा सकती है।

Updated on:
13 Mar 2026, 3:56 PM IST
Published on: