समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश के निर्देश के बाद ओमवती यादव ने भी ऐन वक्त पर पर्चा खरीदकर सियासी सरगर्मी बढ़ा दी है।
हाथरस। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए एक बार फिर जंग शुरू हो गई है। अब तक लग रहा था कि मैदान मं अकेले रामवीर उपाध्याय (Ramveer Upadhyay) के छोटे भाई विनोद उपाध्याय हैं लेकिन अब समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party President) के अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) के निर्देश के निर्देश के बाद ओमवती यादव ने भी ऐन वक्त पर पर्चा खरीदकर सियासी सरगर्मी बढ़ा दी है। जिला पंचायत सदस्य विजेंद्र जाटव ने भी मैदान छोड़ते हुए ओमवती यादव के समर्थन का एलान किया है।
बता दें कि हाल ही में पूर्व ऊर्जामंत्री रामवीर उपाध्याय के नेतृत्व में 16 जिला पंचायत सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव लाया था। इससे रामवीर खेमा उत्साहित था। रामवीर उपाध्याय एक बार फिर अपने छोटे भाई विनोद उपाध्याय को जिला पंचायत की कुर्सी पर काबिज कराने में लगे हुए हैं। हालांकि रामवीर के भाई विनोद उपाध्याय का दावा है कि हम पूरी मजबूती से चुनाव लड़ेंगे। हमें पूरा भरोसा है कि एक बार फिर हमें जनता की सेवा का मौका मिलेगा। चुनाव के दिन 16 से अधिक सदस्य हमारे साथ खड़े होंगे।
वहीं अखिलेश यादवा निर्देश मिलने के बाद बाद जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी गंवाने के बाद शांत बैठीं ओमवती यादव मजबूती से चुनाव मैदान में उतरने का मन बना चुकी हैं। उनके समर्थन में सिकंदराराऊ (sikandrarau) क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य विजेंद्र सिंह ने भी अब चुनाव न लड़ने का ऐलान किया है, फेसबुक पर इसकी जानकारी दी है।