स्वास्थ्य

COVID New Variant Cicada : नया कोरोना ‘सिकाडा’ की चपेट में 23 देश, क्या इसे पुराना कोविड वैक्सीन रोक पाएगा?

COVID New Variant Latest News : कोरोना का नया वैरिएंट सिकाडा (BA 3.2) के म्यूटेशन को देखते हुए इसे खतरनाक बताया जा रहा है। WHO, CDC, अमेरिकन हेल्थ एक्सपर्ट्स और भारतीय चिकित्सक डॉ. अमनदीप अग्रवाल से समझते हैं कि कोरोना के नए वैरिएंट पर पुराना कोविड वैक्सीन कितना कारगर होगा।

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Mar 28, 2026
Old covid 19 Vaccines Protect Against the New Corona Variant (प्रतीकात्मक तस्वीर) | Credit - Gemini AI

COVID New Variant Cicada with 75 mutation : कोविड 19 का नया अवतार दिख रहा है। इस नए अवतार का नाम है 'सिकाडा' (Cicada)। इस नए कोविड वैरिएंट ने 23 देशों में अपनी जगह बना ली है। साथ ही सबसे अधिक अमेरिका में प्रभाव दिख रहा है। सीडीसी की जानकारी के अनुसार, यहां के 25 राज्यों में फैल चुका है। नया कोविड वैरिएंट BA 3.2 अपने 75 म्यूटेशन के साथ और भी प्रभावी बनकर लौटा है। ऐसे में क्या इस पर पुराना कोविड 19 टीका काम करेगा? विश्व स्वास्थ्य संगठन का क्या कहना है? डॉ. अमनदीप अग्रवाल (सीनियर फिजिशियन) से समझते हैं।

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COVID New Variant Cicada BA 3.2 | कोरोना के नए रूप को समझिए

नया कोरोना का नामBA 3.2 सिकाडा
परिवारओमिक्रॉन
म्यूटेशन75
पहला केसदक्षिण अफ्रीका (वर्ष 2024)
कितने देशों में संक्रमण23 से अधिक
कोविड न्यू वैरिएंट की खास बातें (टेबल में देखें)

क्या है "सिकाडा" (BA.3.2) वैरिएंट नाम की कहानी

इसका वैज्ञानिक नाम BA.3.2 है जो कोविड के ओमिक्रॉन परिवार से है। सिकाडा इसका निकनेम है, जो एक कीड़े के नाम पर रखा गया है। इसके नाम के पीछे की कहानी ये है कि सिकाडा कीड़ा सालों तक जमीन के नीचे छिपा रहता है और फिर अचानक बाहर निकलता है। इसी तरह, यह वैरिएंट (BA.3) परिवार से है जो 2022 के बाद गायब होकर भारी म्यूटेशन्स के साथ "अचानक" वापसी किया है।

Doctor Advice : 75 म्यूटेशन्स का क्या मतलब है?

वायरस जब एक शरीर से दूसरे शरीर में जाता है, तो वह अपना रूप बदलता है, जिसे 'म्यूटेशन' कहते हैं। ज्यादा म्यूटेशन का सीधा मतलब है - अधिक नया रूप। इस वैरिएंट के स्पाइक प्रोटीन में करीब 70 से 75 बदलाव देखे गए हैं।

Expert Insights : इस म्यूटेशन का क्या फर्क पड़ता है?

विश्व स्वास्थ्य संगठन इसको लेकर लगातार स्टडी कर रहा है। हालांकि, अभी तक इसके खतरे को लेकर कोई साक्ष्य नहीं मिले हैं। इसलिए, स्पष्ट कुछ कहा नहीं जा रहा है।

डॉ. अग्रवाल कहते हैं, म्यूटेशन को देखते हुए ये कहा जा सकता है कि ये पिछली वैक्सीन के असर को कम कर सकता है। हालांकि, इसको लेकर कोई शोध या तथ्य सामने आते हैं तो स्थिति अधिक स्पष्ट हो सकती है। इसके म्यूटेशन्स इसे और अधिक संक्रामक बना सकते हैं।

Experts Opinion: पुरानी कोविड वैक्सीन नए कोरोना वैरिएंट से बचाने में कारगर?

वैक्सीन BA.3.2 के खिलाफ कम प्रभावी - CDC

2025-2026 की कोविड वैक्सीन, जो JN.1 वंशावली को लक्षित करती हैं, वर्तमान स्ट्रेन से होने वाली गंभीर बीमारी से बचाने में प्रभावी मानी जा रही है। सीडीसी (CDC) ने कहा कि प्रयोगशाला अध्ययनों में, ये वैक्सीन BA.3.2 के खिलाफ कम प्रभावी थीं, लेकिन इस पर और अधिक शोध की आवश्यकता है।

अमेरिकन हेल्थ एक्सपर्ट्स की राय

अमेरिका की मीडिया टुडे डॉट कॉम के साथ बातचीत में, गार्सिया-सस्त्रे (García-Sastre) कहते हैं, "यह पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है कि वर्तमान वैक्सीन कितनी प्रभावी होगी, लेकिन संभावना है कि इसमें अभी भी कुछ प्रभावशीलता बाकी है।" एक अन्य एक्सपर्ट ने कहा, पेकोस (Pekosz) कहते हैं, "टीकाकरण अभी भी मामलों को सीमित करने में मदद करेगा।"

वर्तमान कोविड वैक्सीन कारगर - WHO

डब्ल्यूएचओ (WHO) के अनुसार, यह उम्मीद की जाती है कि वर्तमान कोविड वैक्सीन "गंभीर बीमारी के खिलाफ सुरक्षा प्रदान करना जारी रखेंगी।" इस आधार पर पुराने वैक्सीन पर भरोसा किया जा सकता है।

भारत के डॉक्टर का क्या कहना है?

हालांकि, अभी तक इसको लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से कोई जानकारी नहीं दी गई है। पर, सीनियर फिजिशियन डॉ. अग्रवाल और हिमांशु गुप्ता ने पत्रिका के साथ बातचीत में बताया कि ये हमारे पास जो वैक्सीन है वो कोरोना से बचाने के लिए है। मौजूदा समय में उसके सिवा कोई अन्य टीका नहीं है।

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