स्वास्थ्य

Smoking Related Cancers: सिगरेट से सिर्फ फेफड़े का नहीं, अब इस अंग में फैल रहा कैंसर, दुनिया भर में तेजी से बढ़ रहे मामले

Smoking Side Effects: सिगरेट पीने से न सिर्फ फेफड़ों को बल्कि, कुछ अन्य अंगों के लिए भी खतरनाक बनता जा रहा है। हालिया स्टडी में पाया गया कि सिगरेट पीने से पैंक्रियाज के कैंसर का खतरा भी होता है।
less than 1 minute read
Sep 06, 2025
Smoking related cancers, pancreatic cancer, lung cancer, Cancer spreading beyond lungs due to smoking, Organs affected by cigarette smoking, Smoking causes bladder and throat cancer,
सिगरेट पीने से पैंक्रियाज के कैंसर का खतरा भी होता है। (Image Source: ChatGPT)

Smoking Causes Pancreatic Cancer: ये बात लगभग सभी जानते हैं कि सिगरेट पीने से फेफड़ों पर हानिकारक प्रभाव पड़ता है। ये फेफड़ों के कंसर का खतरा बढ़ाता है। लेकिन विशेषज्ञों की मानें तो सिगरेट से जुड़ा खतरा सिर्फ फेफड़ों तक सीमित नहीं रह गया है। हाल की मिशिगन विश्वविद्यालय की एक स्टडी में यह सामने आया है कि सिगरेट पीने से पैंक्रियाज के कैंसर का खतरा भी तेजी से बढ़ता जा रहा है।

क्या कहती है स्टडी? (What Study Says)

धूम्रपान को लंबे समय से पैंक्रियाज के कैंसर के लिए एक जोखिम कारक माना गया है। अब, नए प्रमाण बताते हैं कि यह कोशिकीय स्तर पर ट्यूमर के विकास में कैसे योगदान देता है। शोधकर्ताओं ने पाया है कि सिगरेट के धुएं में मौजूद रसायन न केवल ट्यूमर के विकास को बढ़ावा देते हैं, बल्कि शरीर की इम्यूनिटी को भी दबा देते हैं, जिससे कैंसर के पनपने का खतरा बढ़ जाता है।

धूम्रपान और पैंक्रियाज के कैंसर का संबंध (Relationship Between Smoking And Pancreatic Cancer)

सिगरेट में मौजूद केमिकल्स, जैसे निकोटीन और टार, सीधे पैंक्रियाज की कोशिकाओं को प्रभावित करते हैं।
धूम्रपान से शरीर में सूजन और ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस बढ़ता है, जो कैंसर के रिस्क को बढ़ाता है।
लार और धुएं के जरिए यह जहर पेट और पैंक्रियाज तक पहुंचता है, जिससे कोशिकाओं को नुकसान पहुंचता है।

पैंक्रियाज कैंसर के लक्षण (Symptoms Of Pancreatic Cancer)

  • पेट के ऊपरी हिस्से में लगातार दर्द
  • भूख में कमी और अचानक वजन घटना
  • स्किन और आंखों का पीला पड़ना
  • थकावट और पाचन में दिक्कत
  • स्टूल का रंग बदल जाना

कैसे करें बचाव? (Prevention)

  • सिगरेट और तंबाकू को तुरंत छोड़ें
  • हेल्दी डाइट और नियमित व्यायाम अपनाएं
  • शराब न पिएं
  • अगर फैमिली हिस्ट्री है, तो नियमित मेडिकल स्क्रीनिंग कराएं
  • पेट और पाचन से जुड़ी समस्याओं को नजरअंदाज न करें
Updated on:
06 Sept 2025 05:35 pm
Published on:
06 Sept 2025 05:03 pm