स्वास्थ्य

Drooling While Sleeping: सोते समय लार टपकना, क्लीवलैंड क्लिनिक से जानें किन बीमारियों का संकेत

Drooling While Sleeping: सोते समय मुंह से पानी या लार बहने की समस्या को न करें नजरअंदाज! क्लीवलैंड क्लिनिक और हेल्थलाइन से जानिए इसके कारण, स्लीप एपनिया से कनेक्शन और डॉक्टर के पास कब जाना चाहिए।
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Updated: 27 Oct 2026, 10:30 AM IST
Adult experiencing drooling while sleeping on a wet pillow representing Sialorrhea causes
सोते समय बार-बार तकिया गीला होना या लार बहना हमेशा मामूली बात नहीं होती, यह शरीर का कोई अंदरूनी इशारा हो सकता है- प्रतीकात्मक तस्वीर (Source- Freepik)

Drooling While Sleeping: रात को गहरी नींद में सोते समय अचानक आंख खुले और पता चले कि तकिया गीला हो गया है, तो हम में से ज्यादातर लोग इसे नजरअंदाज कर देते हैं। सोचते हैं कि शायद थकावट बहुत ज्यादा थी या नींद इतनी गहरी थी कि पता ही नहीं चला। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि उम्र के इस पड़ाव पर भी अगर यह रोज-रोज हो रहा है, तो इसके क्या मायने हैं? क्या यह सिर्फ शरीर के ढीले पड़ने की बात है या इसके पीछे कोई अंदरूनी स्वास्थ्य गड़बड़ है? क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) और हेल्थलाइन की रिपोर्ट्स बताती हैं कि सोते समय मुंह से पानी या लार बहना (जिसे मेडिकल भाषा में साइलोरिया कहा जाता है) हमेशा मामूली बात नहीं होती। यह इस बात का साफ इशारा हो सकता है कि रात के वक्त आपका शरीर और तंत्रिका तंत्र (नर्वस सिस्टम) लार की गति पर पूरा काबू नहीं रख पा रहे हैं। आइए समझते हैं कि ऐसा क्यों होता है और कब यह चिंता का विषय बन सकता है।

सोते समय लार क्यों बहती है?

हेल्थलाइन के अनुसार, जब हम जाग रहे होते हैं, तो हमारा दिमाग और मुंह की मांसपेशियां लार के बनने और उसे अंदर गटकने की प्रक्रिया को खुद-ब-खुद कंट्रोल करते रहते हैं। लेकिन सोते ही जब जबड़ा और मुंह की मांसपेशियां पूरी तरह ढीली पड़ जाती हैं, तो खेल बदल जाता है। क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, इसके पीछे कुछ बहुत सामान्य कारण भी हो सकते हैं;

  • सोने का गलत तरीका।
  • नाक बंद होना।
  • एसिडिटी या पेट की गड़बड़।

किन बीमारियों का संकेत हो सकती है यह समस्या?

अगर यह परेशानी कभी-कभार नहीं बल्कि रोज की आदत बन गई है, तो इसे बिल्कुल हल्के में न लें। यह नीचे दी गई कुछ अंदरूनी स्वास्थ्य समस्याओं का संकेत हो सकती है;

  • ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया (OSA।
  • तंत्रिका तंत्र (नर्वस सिस्टम) से जुड़ी दिक्कतें।
  • निगलने में कठिनाई (डिसफैगिया)।

डॉक्टर के पास कब जाना चाहिए?

यदि आपको लार टपकने के साथ-साथ ये लक्षण भी महसूस हों, तो तुरंत किसी विशेषज्ञ या ईएनटी (ENT) डॉक्टर से मिलें;

  • सोते समय अचानक दम घुटना या सांस टूटना।
  • खाना या पानी गटकने में परेशानी होना।
  • चेहरे की मांसपेशियों में सुन्नपन या कमजोरी लगना।
  • बिना किसी कारण के लगातार वजन घटना।

सोते समय लार बहना यूं तो एक आम बात लग सकती है, लेकिन अगर यह आपकी रोज की समस्या बन गई है, तो शरीर के इस इशारे को समझें। अपनी स्लीप पोजीशन बदलें, सर्दी-जुकाम का समय पर इलाज करवाएं और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह जरूर लें, ताकि किसी भी बड़ी स्वास्थ्य समस्या से पहले ही बचा जा सके।

डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
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