
SLE Prevention: क्या आपको बिना काम किए भी अक्सर बहुत ज्यादा थकान महसूस होती है? या आपके जोड़ों में दर्द रहता है या फिर चेहरे और त्वचा पर अजीब से लाल निशान या रैश उभर आते हैं? अगर हां, तो इन संकेतों को नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है। लूपस फाउंडेशन ऑफ अमेरिका के अनुसार, ये लक्षण सिस्टमिक लूपस एरिथेमेटोसस (SLE) नाम की बीमारी का इशारा हो सकते हैं। आइए जानते हैं कि यह बीमारी आखिर क्या है, इसके क्या लक्षण हैं और इससे कैसे बचा जा सकता है।
क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, एस.एल.ई (SLE) एक ऐसी बीमारी है जिसमें हमारे शरीर की अपनी ही सुरक्षा प्रणाली (इम्यून सिस्टम) गलती से हमारे ही अंगों और ऊतकों (tissues) पर हमला करने लगती है। इसकी वजह से शरीर में सूजन आ जाती है, जो आपकी त्वचा, जोड़ों, खून और यहां तक कि गुर्दे (किडनी), फेफड़ों और दिल जैसे जरूरी अंगों पर असर डाल सकती है। इसलिए आपको तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए, डॉक्टर आपको ऐसी दवाएं दे सकते हैं जिससे इसके लक्षण कम हों और यह बीमारी बार-बार न उभरे।
मेयो क्लिनिक के अनुसार, एस.एल.ई के लक्षण हर इंसान में थोड़े अलग हो सकते हैं, लेकिन इसके सबसे आम संकेत ये हैं
अगर आपको ऊपर बताए गए लक्षण काफी समय से परेशान कर रहे हैं, तो तुरंत किसी अच्छे डॉक्टर या रुमेटोलॉजिस्ट (Rheumatologist) से संपर्क करें।सही समय पर ब्लड टेस्ट और डॉक्टर की सलाह से इस बीमारी को पूरी तरह नियंत्रण (control) में रखा जा सकता है। इसके अलावा अपनी दिनचर्या में ये छोटे-छोटे बदलाव जरूर करें;
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।