Sudha Chandran: नागिन सीरियल की कलाकार सुधा चंद्रन का एक वीडियो आपने भी देखा होगा? अगर आप भी सोच रहे हैं कि उन पर किसी आध्यात्मिक शक्ति का साया है, तो रुकिए। वास्तव में ऐसा नहीं है। मनोचिकित्सक डॉक्टर आदित्य सोनी ने इस बात की पुष्टि की है कि यह एक प्रकार का मानसिक विकार होता है, जिसे विज्ञान पजेशन डिसऑर्डर (Possession Disorder) कहता है। आइए जानते हैं कि यह मानसिक विकार क्या होता है? इसके लक्षण और कारण क्या होते हैं और इससे बचने के लिए क्या करना चाहिए?
Sudha Chandran Viral Video: अभी हाल ही में आपने देखा होगा कि नागिन टीवी सीरियल की मशहूर कलाकार सुधा चंद्रन का एक वीडियो बहुत तेजी से वायरल हो रहा है। उस वीडियो में वे एक माता की चौकी के दौरान बेकाबू होकर लोगों को काटती हुई और उछलती हुई दिखाई दे रही हैं। लोग मान रहे हैं कि वे भक्ति भाव में मग्न होकर ऐसा कर रही हैं। लेकिन क्या आपको पता है कि आज के आधुनिक युग का विज्ञान इसको पजेशन डिसऑर्डर (Possession Disorder) और हिस्टीरिया (Hysteria) का एक रूप मानता है। आइए मनोचिकित्सक डॉक्टर आदित्य सोनी से जानते हैं कि यह पजेशन डिसऑर्डर क्या होता है? इसके लक्षण क्या होते हैं और यह कितना खतरनाक होता है?
डॉक्टर आदित्य सोनी का कहना है कि पजेशन डिसऑर्डर एक मानसिक विकार होता है। जिन लोगों को यह विकार होता है, उनको इस बात का बिल्कुल भी अंदाजा नहीं होता है कि वे क्या कर रहे हैं। इस स्थिति में व्यक्ति को ऐसा महसूस होता है कि कोई बाहरी शक्ति उसको नियंत्रण में कर रही है और उस पर किसी आत्मा का कब्जा है। लेकिन वास्तव में ऐसा नहीं होता है। इस विकार के दौरान व्यक्ति की चेतना (Consciousness) बिल्कुल कम हो जाती है और वह बिल्कुल वैसा ही व्यवहार करता है जो उसके अवचेतन मन में चल रहा होता है। इसको हिस्टीरिया का ही दूसरा रूप माना जाता है। इस विकार से ग्रस्त व्यक्ति अजीब हरकतें करने लगता है।
1. जब व्यक्ति बहुत ज्यादा तनाव में हो।
2. जब व्यक्ति का मन किसी माहौल में (जैसे भक्ति या जागरण) ज्यादा लीन हो जाए।
3. बचपन में हुआ कोई मानसिक या शारीरिक हादसा।
4. शरीर में नींद की भारी कमी होना।
डिसक्लेमर: इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालिफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से न आजमाएं, बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पद्धति से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।