मेंगलूरु शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों में शामिल कादरी पार्क के रखरखाव में कथित लापरवाही को लेकर कादरी पार्क डेवलपमेंट कमेटी ने गंभीर चिंता जताई है।
कमेटी सदस्यों ने पार्क की हरियाली, बच्चों के खेलने के एरिया, वॉकिंग ट्रैक, झील, फव्वारा और स्ट्रीटलाइट्स सहित कई बुनियादी सुविधाओं की बदहाली को लेकर दक्षिण कन्नड़ जिला प्रशासन को लिखित शिकायत सौंपी है। सदस्यों बी. जगन्नाथ गंभीर, रमा मुगेरोडी और जी.के. भट्ट ने डिप्टी कमिश्नर दर्शन एचवी को पत्र भेजकर बताया कि पार्क में लगाए गए पौधे अक्सर गायब हो जाते हैं, जिससे हरियाली प्रभावित हो रही है। बच्चों के खेलने के लिए बनाए गए कई उपकरण खराब हालत में हैं और लंबे समय से काम नहीं कर रहे हैं, जिससे बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। कमेटी ने यह भी बताया कि मंगलोर शहरी विकास प्राधिकरण द्वारा तीन वर्ष पहले पुनर्विकसित की गई पार्क के अंदर स्थित गंगनापल्ला झील में पानी भरने की कोई स्थायी व्यवस्था नहीं की गई, जिससे झील सूखी पड़ी रहती है। पार्क के बगीचे में उपयुक्त फूलों के पौधों की कमी के कारण इसकी सुंदरता भी प्रभावित हो रही है।
रखरखाव पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता
हाल ही में मुडा द्वारा मरम्मत किया गया फव्वारा भी रखरखाव के अभाव में फिर से खराब हो गया है। इसके अलावा विशेष बच्चों के लिए बनाए गए पार्क और पार्क परिसर की स्ट्रीटलाइट्स के रखरखाव पर भी विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताई गई है। सदस्यों ने आरोप लगाया कि पार्क से जुड़े कई फैसले कमेटी की बैठक बुलाए बिना ही लिए गए और प्रदर्शनियों के लिए बाहर से महंगे दामों पर फूल व फल खरीदे जाते हैं।
अधिकारियों ने कहा कि भविष्य की सभी सार्वजनिक परियोजनाओं में टेंडर प्रक्रिया के दौरान तीन से पांच साल के रखरखाव का क्लॉज अनिवार्य किया जाएगा। उन्होंने स्वीकार किया कि कई पार्क और झीलें विकसित तो की गईं, लेकिन उनके रखरखाव के लिए नगर निगम के पास पर्याप्त फंड नहीं है। कादरी पार्क से जुड़े मामलों में भी उचित निर्देश जारी किए जाएंगे।