MP News: चिन्हित स्थानों और बदमाशों के संभावित फरारी मार्गों पर सीसीटीवी कैमरों से पैनी निगरानी रखी जाएगी।
MP News: शहर में अपराधियों पर नकेल कसने के लिए इंदौर पुलिस अब तकनीक का सबसे बड़ा सुरक्षा चक्र तैयार कर रही है। पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह के आदेश पर सभी 32 थानों को एक हाईटेक नेटवर्क में जोडऩे का काम चल रहा है। 5 साल के अपराधों की सर्चिंग कर शहर के 'हॉटस्पॉट' चिन्हित किए हैं। इन चिन्हित स्थानों और बदमाशों के संभावित फरारी मार्गों पर सीसीटीवी कैमरों से पैनी निगरानी रखी जाएगी।
अधिकारियों के अनुसार, इस महाभियान का लगभग 50 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। पुलिस अब उन क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दे रही है, जहां वारदात के बाद बदमाशों को ट्रेस करने में मुश्किल आती थी या कैमरों का अभाव था। वाई-फाई और सीसीटीवी कैमरे की मदद से हर थाने में सेंट्रल कंट्रोल सिस्टम स्थापित किया जा रहा है। इससे थाने पर ही पूरे क्षेत्र की लाइव फीड दिख जाएगी। आगामी दिनों में शहर के कुछ क्षेत्रों में इस सिस्टम का एक साथ उद्घाटन करने की तैयारी है।
इस नेटवर्क में केवल मुख्य मार्ग ही नहीं, बल्कि थाना क्षेत्रों के बाहरी (आउटर) और आंतरिक (इनर) हिस्सों को भी पॉइंट-टू-पॉइंट कवर किया जा रहा है।
हाईवे सुरक्षा: हाईवे को विशेष रूप से कवर किया है, जिससे दुर्घटनाओं की स्थिति में तत्काल स्पष्ट हो सकेगा कि गलती किसकी थी। साथ ही अज्ञात वाहनों की पहचान भी आसान होगी।
इंटरनेट कनेक्टिविटी : वाई-फाई से कैमरों को थाने के सेंट्रल सिस्टम से जोड़ा है। अब पुलिसकर्मियों को फुटेज देखने के लिए किसी के घर या दुकान पर चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।
एमजी रोड व कनाडिय़ा मॉडल: कनाडिय़ा क्षेत्र में 100 से अधिक कैमरे लगाए हैं, जिनका एंगल सड़क की ओर रखा है। एमजी रोड पर व्यापारियों के साथ बैठक कर सभी कैमरों को सेंट्रल कंट्रोल सिस्टम से जोड़ा जा रहा है।
पुलिस ने 5 साल के आंकड़ों के आधार पर उन स्थानों की लिस्ट बनाई है जहां बाइक चोरी, लूट, मारपीट, एक्सीडेंट और अत्यधिक भीड़ रहती है। अधिकारियों का मानना है, हॉटस्पॉट्स पर कैमरों की तैनाती से न केवल क्राइम कंट्रोल होगा, बल्कि ट्रैफिक प्रबंधन में भी मदद मिलेगी।
पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह का कहना है, मोहल्ला समितियों के सक्रिय होने और जनसंवाद से जनता का अच्छा रिस्पांस मिल रहा है। इसी जनभागीदारी के दम पर 32 थानों का नेटवर्क एक अभियान के रूप में उभर रहा है। कनाडिय़ा और एमजी रोड थानों पर सिस्टम लगभग तैयार है, जबकि अन्य थानों में काम तेजी से चल रहा है।
हाईवे पर सबसे बड़ी समस्या केबल टूटने और इंटरनेट कनेक्टिविटी की आती है। इस बाधा को दूर करने के लिए पुलिस ने नवाचार करते हुए स्थानीय ढाबों, होटलों, शोरूम और रहवासियों से अपील की। जनता के सहयोग से इंटरनेट साझा करने की इस पहल के कारण अभियान को सफलता मिल रही है।