MP news: आसाराम (Asaram Bapu) स्वास्थ्य में दिक्कत के कारण अस्पताल में चेकआप कराने आया था। उसके आने से पहले कई समर्थक और अनुयायी अस्पताल पहुंच चुके थे।
MP news: मध्य प्रदेश के इंदौर में गुरूवार को सुबह-सुबह हलचल बढ़ गई। इस हलचल का कारण था दुष्कर्म मामले में आरोपी आसाराम बापू (Asaram Bapu) जो कि सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में मेडिकल जांच कराने आने वाला था। आसराम बिना किसी जानकारी के अचानक अस्पताल पहुंचा जहां उसकी एंट्री मैन गेट से बलिक साइड गेट से कराई गई। उसे भीड़ से बचाने के लिए ये रास्ता अपना गया। बता दें कि, जब पिछली बार आसाराम मेडिकल जांच कराने इंदौर आया था तब भीड़ को संभालना मुश्किल हो गया था। रिपोर्ट्स के अनुसार सुरक्षा कारणों के चलते अस्पताल में बाहरी लोगों की एंट्री बंद की गई थी। आसाराम स्वास्थ्य में दिक्कत के कारण अस्पताल में चेकआप कराने आया था।
बताया जा रहा है कि आसाराम के आने से पहले उसके कुछ समर्थक अस्पताल पहुंच गए थे। समर्थकों ने अस्पताल पहुंचकर पहले ही कर्मचारियों और डॉक्टरों से बातचीत कर ली थी। सुबह करीब 11 बजे के आसपास आसाराम कार से सरकारी अस्पताल पहुंचा। अस्पताल के स्टाफ ने आसाराम को व्हीलचेयर लेने की सलाह दी लेकिन वह रेलिंग का सहारा लेकर अस्पताल के भीतर पहुंचा। आसाराम स्वास्थ्य की दिक्कत के चलते अस्पताल आया था जहां उसका चेकअप कराया गया। आसाराम का नफ्रोलॉजी, कार्डियोलॉजी, न्यूरोलॉजी, आप्थाल्मालॉजी से संबंधित डिपार्टमेंट में जांच कराई गई जिसमें वह स्वस्थ पाए गए।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार आसाराम आज इंदौर में रह सकता है। वह अपने खंडवा रोड पर वाले आश्रम भी जा सकता है। यहां गीता भागवत सत्संग और पूनम दर्शन आयोजन किया जा रहा है। ये वही आशाराम है जहां से आसाराम को जोधपुर पुलिस ने साल 2013 में गिरफ्तार किया था।
बता दें कि, दुष्कर्म मामले में आरोपी आसाराम बापू दिल की बिमारी से ग्रसित है। आसाराम को 8 महीने पहले भी इंदौर के अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बापू की हालत उस समय नाजुक थी लेकिन इलाज के बाद उसे छुट्टी दे दी गई थी।
आसाराम पैरोल पर बाहर आया हुआ है। वह कोर्ट की शर्तों का उल्लंघन करते हुए अपने अनुयायियों को बिंदास प्रवचन देता है। खंडवा रोड स्थित आसाराम आश्रम में 1100 से लेकर 11 हजार रुपए तक लेकर वीआइपी रसीद काटी जाती है और अनुयायियों को आश्रम के पिछले गेट से अंदर लेकर प्रवचन-दर्शन कराए जाते हैं। पत्रिका टीम गुपचुप तरीके से फरवरी में आश्रम के अंदर पहुंचकरआसाराम को प्रवचन देते हुए देखा था।