
Gen-Z Movement: देशभर में जेन-जी के आंदोलन ने सभी राजनीतिक दलों की नींद उड़ा दी है। अधिकांश युवा इंस्टाग्राम से जुड़ा हुआ है जिसको देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तो भाजपा नेताओं को ज्यादा से ज्यादा सक्रिय रहने का मंत्र दे चुके है। इस हिसाब से इंदौर में देखा जाए तो महज छह नेता हैं जिनके फॉलोअर एक लाख से अधिक हैं जिसमें मंत्री कैलाश विजयवर्गीय सबसे ऊपर है।
एक समय था जब फेसबुक और एक्स को अपनी बात रखने का माध्यम बनाया था जिसे आज भी 35 साल से अधिक उम्र के लोग पसंद करते हैं, लेकिन 16 साल से अधिक उम्र का युवा इंस्टाग्राम पर सक्रिय है। इसका बड़ा उदाहरण हाल ही में देखने को मिल गया जब दिल्ली के जंतर-मंतर पर बड़ा आंदोलन खड़ा हो गया जो धीरे-धीरे पूरे देश में फैल गया। अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी उसके जरिए ही अपनी बाद रख रहे है। हालांकि वे पहले ही मंत्री व नेताओं को बोल चुके है।
मोदी के मंत्री को पैमाना मानकर जब इंदौर के भाजपा नेताओं के इंस्टाग्राम को झांका गया तो ये हकीकत सामने आई कि सात नेता है जिनके फॉलोअर एक लाख से ज्यादा है। इसमें प्रदेश को दो कैबिनेट मंत्री शामिल है तो तीसरे कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त है। इसके बाद सांसद, महापौर और दो विधायक भी शामिल है। कुछ नेता ऐसे भी है जिनके फॉलोअर्स की संख्या एक लाख से थोड़ी ही कम है। बताया जा रहा है कि मोदी मंत्र के बाद सभी प्रमुख नेताओं ने अपनी टीम को काम पर लगा दिया है। बड़ी बात ये भी है कि कुछ नेताओं के पास फेसबुक और एक्स पर फॉलोअर्स की संख्या ज्यादा है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के पास इंस्टाग्राम में फेन फॉलोअर्स की संख्या जबर्दस्त है। 8.80 लाख फॉलोअर्स हैं। उनकी पोस्ट पर लाइक और कमेंट की संख्या भी अच्छी आती है। प्रदेश में सबसे ज्यादा इंस्टाग्राम पर फॉलो किए जाने वाले कांग्रेस नेता हैं तो देश के टॉप नेताओं में भी उनकी नंबर सम्मानजनक है।
इंस्टाग्राम में फॉलोअर्स की संख्या का भी खेल निराला है। जरूरी नहीं है कि जो आंकड़े सामने हैं वह हकीकत से ताल्लुक रखते हैं। कई नेताओं के पास फर्जी फालोअर भी हैं तो कुछ के पास एक दम सही आकड़ा है। इसे पकड़ने का सीधा तरीका है ये भी है कि फॉलोअर की संख्या तो एक लाख है, लेकिन उस पर कमेंट्स और लाइक दो-चार प्रतिशत भी नहीं आते हैं यानी फर्जी फॉलोअर हैं।