Indore Court decision in MP honey trap case
Indore Court decision in MP honey trap case - एमपी में नेताओं, अफसरों के हनी ट्रैप केस MP Honey Trap Case में कोर्ट ने एक आरोपी का वारंट जारी किया है। केस में आरोपी श्वेता स्वप्निल जैन का गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है। श्वेता स्वप्निल जैन न तो अदालत में उपस्थित हुईं और न ही उनकी ओर से कोई आवेदन दिया गया। इस पर इंदौर की स्पेशल कोर्ट ने शनिवार को उसका गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया। इस मामले का खुलासा सन 2019 में कांग्रेस सरकार के दौरान हुआ था और पूर्व सीएम कमलनाथ ने भी अपने बयान में क्लिप देखने की बात कही थी।
स्पेशल कोर्ट में पिछली सुनवाई में सभी आरोपियों को उपस्थित रहने का आदेश दिया था। शनिवार को चार आरोपी कोर्ट आए जबकि आरती दयाल, ओमप्रकाश और अभिषेक की ओर से हाजिरी माफी का आवेदन दिया गया। आरोपी श्वेता स्वप्निल जैन न तो कोर्ट आईं और न ही हाजिरी माफी का आवेदन दिया। इस पर कोर्ट ने उसका गिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया।
इंदौर स्पेशल कोर्ट ने पुलिस से श्वेता स्वप्निल जैन को गिरफ्तार करने को कहा है। उसे 27 जुलाई से पहले हर हाल में कोर्ट में प्रस्तुत करने के आदेश दिए गए हैं। शनिवार को आरोप पर बहस होना थी, लेकिन आरोपियों के वकील ने मौखिक बहस के बजाए लिखित में देने की अनुमति मांगी। कोर्ट ने अनुमति दे दी। लोक अभियोजक अभिजीत सिंह राठौर के अनुसार मामले में अगली सुनवाई 27 जुलाई को होगी।
क्या है हनी ट्रैप मामला
हनी ट्रैप मामला 2019 में तब सामने आया जब इंदौर नगर निगम के चीफ इंजीनियर हरभजन सिंह ने पलासिया पुलिस थाने में कुछ युवतियों द्वारा अश्लील वीडियो के नाम पर उन्हें ब्लैकमेल करने की शिकायत की। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर पांच महिलाओं को गिरफ्तार किया। बाद में इस केस में तीन और आरोपी भी बनाए गए।
इसी केेस में पूर्व सीएम कमलनाथ को भी एसआईटी ने नोटिस भेजा था। कमलनाथ ने 21 मई 2021 को प्रेस कान्फ्रेंस में हनी ट्रैप केस की सीडी और पेन ड्राइव होने का दावा किया लेकिन जब ये दोनों चीज जब्त करने के लिए नोटिस जारी किया गया तो वे पलट गए। कमलनाथ ने नया बयान दिया कि उन्होंने सिर्फ 29 सेकेंड की क्लिप देखी है।
बता दें कि हनीट्रैप से संबंधित एक अन्य मामले में भोपाल कोर्ट ने तीन आरोपियों को बरी कर दिया था। भोपाल की कोर्ट ने हनीट्रैप से जुड़े मानव तस्करी के मामले में यह फैसला सुनाया था।