इंदौर

देशभर में हुए करोड़ों के साइबर फ्रॉड का इंदौर कनेक्शन, म्यूल बैंक खातों में 20 से अधिक गिरफ्तार

Cyber Fraud : सितंबर में क्राइम ब्रांच ने अलग-अलग मामलों में ऐसे 20 से अधिक आरोपी गिरफ्तारी करते हुए अहम दस्तावेज भी बरामद किए हैं। जांच में ऐसे बैंक खातों की खरीद-फरोख्त और किराए पर देने के मामले सामने आए, जिनके साथ सिम कार्ड, एटीएम-डेबिट कार्ड और बैंकिंग दस्तावेज तक सौंपे जा रहे थे।
2 min read
Cyber Fraud
म्यूल बैंक खातों में 20 से अधिक गिरफ्तार (फोटो सोर्स: Chatgpt)

Indore News : देशभर में हो रहे करोड़ों के साइबर फ्रॉड में फर्जी सिम कार्ड और म्यूल बैंक अकाउंट के इस्तेमाल को लेकर मध्य प्रदेश के आर्थिक शहर इंदौर में सितंबर माह के दौरान अब तक दर्ज अलग-अलग मामलों में लगभर 20 से अधिक आरोपियों की गिरफ्तारियां हुई है। करीब 15 राज्यों में हुई ठगी के तार इंदौर से जुड़े हैं और ताजा 51 शिकायतें की जांच भी चल रही है। साइबर ठगी की रकम को छिपाने और आगे पहुंचाने के लिए इस्तेमाल किए जा रहे कथित म्यूल बैंक खातों और फर्जी सिम कार्ड का नेटवर्क इंदौर में पुलिस की जांच का केंद्र बिंदु बना हुआ है।

सितंबर के महीने में क्राइम ब्रांच ने अलग-अलग मामलों में ऐसे 20 से अधिक आरोपियों की गिरफ्तारी करते हुए अहम दस्तावेज भी बरामद किए हैं। जांच में ऐसे बैंक खातों की खरीद-फरोख्त और किराए पर देने के मामले सामने आए हैं, जिनके साथ सिम कार्ड, एटीएम-डेबिट कार्ड और बैंकिंग दस्तावेज तक सौंपे जा रहे थे। क्राइम ब्रांच के सूत्रों के मुताबिक, सितंबर की शुरुआत में टीम ने एमबीए स्नातक एक युवक को गिरफ्तार किया था। इसके संदिग्ध बैंक खाते में करीब 1.5 करोड़ रुपए के लेन-देन की जांच हुई तो ये म्यूल खाता 15 राज्यों की 51 साइबर फ्रॉड शिकायतों से जुड़ा पाया गया था। इसके कुछ ही दिन बाद एक अन्य खाते से करीब 10 राज्यों की 26 शिकायतें भी जुड़ी पाई गई थीं।

2 मामलों में हुए 16 गिरफ्तार

जांच में पता चला कि संबंधित खातों में ठगी से जुड़ी राशि आई, जिसका कुछ हिस्सा दूसरे खातों में ट्रांसफर और कुछ एटीएम से निकाला गया। माह के दूसरे सप्ताह में दो मामलों में पुलिस ने 16 लोगों को गिरफ्तार किया था। चौंकाने वाली बात ये रही कि, एक खाते में सिर्फ एक महीने में करीब 3.42 करोड़ रुपए के संदिग्ध लेन-देन का खुलासा हुआ था और जांच में शामिल खातों का संबंध देशभर की 200 से अधिक साइबर फ्रॉड शिकायतों पाया गया।

सेविंग और करंट अकाउंट का अलग अलग रेट

इस दौरान विजय नगर पुलिस की कार्रवाई में म्यूल खाताधारक आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद खुलासा हुआ था कि, खाते 15 से 20 हजार रुपए और करंट खाते 1 लाख से 1.50 लाख तक में उपलब्ध कराए जा रहे थे।

जांच में जुटी पांच टीमें

उल्लेखनीय है कि, जनवरी से अगस्त माह तक करीब 7 हजार साइबर फ्रॉड शिकायतें क्राइम ब्रांच को मिलीं, जिनमें 60 करोड़ से अधिक की धोखाधड़ी हुई। पुलिस ने करीब 400 से अधिक शिकायतों में करीब 5.90 करोड़ रुपए पीड़ितों को वापस कराने में सफलता भी पाई है। जांच टीमें बरामद फर्जी सिमें, बैंक खातों के दस्तावेजों और तकनीकी बिंदुओं पर पड़ताल कर आगे की कड़ियों को जोड़ रही है।

Updated on:
27 Sept 2026 05:35 pm
Published on:
27 Sept 2026 05:05 pm