निक्केई इंडिया की ओर से जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार मार्च महीने में मैन्युफैक्चरिंग में पर्चेजिंग मैनेजर इंडेक्स (पीएमआई) 51.0 रहा है।
नई दिल्ली। आर्थिक मोर्चे पर संकट का सामना कर रही मोदी सरकार के लिए अब विनिर्माण क्षेत्र से बुरी खबर है। बीते माह मार्च में विनिर्माण क्षेत्र की गतिविधियों में कमी दर्ज की गई है। निक्केई इंडिया की ओर से जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार मार्च महीने में मैन्युफैक्चरिंग में पर्चेजिंग मैनेजर इंडेक्स (पीएमआई) 51.0 रहा है। यह पिछले महीने के 52.1 से कम है। निक्केई के अनुसार यह पिछले पांच महीने में सबसे निचला स्तर है। इसका मुख्य कारण कंपनियों में बिजनेस ऑर्डर की रफ्तार में सुस्ती और नई भर्तियां नहीं करना बताया जा रहा है।
लगातार आठवें महीने 50 से ऊपर रहा सूचकांक
पीएमआई इंडेक्स में मार्च महीने में गिरावट के साथ सरकार के लिए एक अच्छी खबर भी है। निक्केई इंडिया के अनुसार अक्टूबर से बाद मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में बढ़ोत्तरी जारी है। हालांकि इसकी रफ्तार थोड़ी सुस्त है। निक्केई इंडिया के अनुसार यह यह लगातार आठवां महीना है, जब सूचकांक 50 अंकों से ऊपर रहा है। आपको बता दें कि पीएमआई इंडेक्स में 50 से ऊपर का स्तर विस्तार और इससे नीचे का स्तर संकुचन को दर्शाता है।
सीमित रहेगा अमरीकी टैरिफ का असर
मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र के विशेषज्ञों के अनुसार हाल में अमरीका की ओर से स्टील और एल्यूमिनियम पर लगाए गए आयात शुल्क का भारतीय बाजार पर असर पड़ेगा लेकिन यह सीमित रहेगा। विशेषज्ञों का कहना है कि भारत से कुल अमरीका को निर्यात होने वाले स्टील और एल्युमिनियम की मात्रा मात्र 0.4 फीसदी है। इस कारण इसका ज्यादा असर नहीं होगा। आपको बता दें कि अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पिछले महीने ही अमरीका में आयात होने वाले स्टील पर 25 फीसदी और एल्यूमिनियम पर 10 फीसदी आयात शुल्क लगाने वाले कानून पर हस्ताक्षर किए थे।
क्या होता है पीएमआई इंडेक्स
परर्चेजिंग मैनेजर्स इंडेक्स (पीएमआई) मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की आर्थिक सेहत को मापने का एक इंडिकेटर है। इसके जरिए किसी देश की आर्थिक स्थिति का आकलन किया जाता है। पीएमआई सेवा क्षेत्र समेत निजी क्षेत्र की अनेक गतिविधियों पर आधारित होता है। इसमें शामिल तकरीबन सभी देशों की तुलना एक जैसे मापदंड से होती है। पीएमआई का मुख्य मकसद इकोनॉमी के बारे पुष्ट जानकारी को आधिकारिक आंकड़ों से भी पहले उपलब्ध कराना है।