
नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी के मारुति सुजुकी के मानेसर प्लांट ( Maruti Suzuki Manesar Plant ) में एक कर्मचारी कोरोना वायरस ( Employee Coronavirus Positive ) से संक्रमित पाया गया है। इस कर्मचारी के सामने आने के बाद कंपनी इस बात की जांच में जुटी है कि कहीं दूसरे कर्मचारी भी इस वायरस के चपेट में तो नहीं आ गए हैं। कंपनी के अनुसार इस केस के आने के बाद प्लांट के ऑपरेशन में किसी तरह की बाधा नहीं आएगी। आपको बता दें कि मारुति का यह प्लांट करीब 50 दिनों बाद खुला था।
15 मई को आखिरी बार प्लांट में आया था कर्मचारी
कोरोना वायरस लॉकडाउन के कारण करीब 50 दिनों के बाद मारुति सुजुकी प्लांट की शुरुआत हुई थी। कंपनी के अनुसार कर्मचारी को कोरोना पॉजिटिव 22 मई को पाया गया था। कर्मचारी आखिरी बार 15 मई को प्लांट में आया था। उस वक्त वो पूरी तरह से ठीक था। कंपनी के अनुसार कर्मचारी जिस इलाके में रहता है उसे कंटेनमेंट घोषित कर दिया गया और तब से वो प्लांट में नहीं आया है।
हॉस्पिटल में एडमिट है कर्मचारी
जानकारी के अनुसार डिस्ट्रिक्ट एडमिनिस्ट्रेशन को कोरोना पॉजिटिव कर्मचारी के बारे में जानकारी दे दी गई है। कर्मचारी अभी अस्पताल में एडमिट है और उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। कंपनी प्रवक्ता के अनुसार कंपनी कोरोना पॉजिटिव इंप्लॉई को सरकारी के दिशानिर्देशों के अनुसार चिकित्सा सहायता दे रही है। कंपनी के मानेसर प्लांट में ऑल्टो, स्विफ्ट, डिजायर, एस-प्रेसो, एर्टिगा और बलेनो जैसे अधिक बिक्री वाले मॉडल का निर्माण होता है।
लॉकडाउन में बुरी है ऑटो सेक्टर की हालत
कोरोना वायरस लॉकडाउन की वजह से ऑटो सेक्टर सबसे ज्यादा प्रभावित सेक्टर्स में शामिल है। अप्रैल के महीने में मारुति समेत कई ऑटो कंपनियों का एक भी यूनिट नहीं बिका है। लाखों लोगों की नौकरियों पर खतरा मंडराने लगा है। कोरोना वायरस से पहले ही ऑटो सेक्टर की हालत काफी पतली थी। लगातार बिक्री में गिरावट देखने को मिल रही थी। थोड़ी बहुत आस सेकंड हैंड कार पर डील करने वाली कंपनियों से थी, लेकिन कोरोना वायरस ने उन्हें भी काफी नुकसान पहुंचाया है।