जबलपुर

‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान को एमपी में बूथ स्तर तक ले जाएगी कांग्रेस, 1 नवंबर को दिल्ली में महारैली

Vote Bachao Desh Bachao : SIR के तहत मतदाता सूची में हुए बदलावों पर कांग्रेस सवाल उठाएगी। पात्र मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा और पारदर्शिता के लिए देशव्यापी अभियान चलाने की तैयारी में कांग्रेस।
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Updated: 26 Oct 2026, 1:44 PM IST
Vote Bachao Desh Bachao
प्रेस वार्ता को संबोधित करते कांग्रेस नेता (फोटो सोर्स: Patrika)

Jabalpur News : मतदाता सूची की शुद्धता और पात्र नागरिकों के मताधिकार की सुरक्षा को लेकर कांग्रेस ने 'वोट बचाओ, देश बचाओ' अभियान को देशव्यापी स्तर पर तेज करने की तैयारी की है। इसके तहत 1 नवंबर 2026 को दिल्ली के रामलीला मैदान में महारैली आयोजित की जाएगी। मध्य प्रदेश के जबलपुर जिला कांग्रेस इस अभियान को प्रदेश, जिला, ब्लॉक और बूथ स्तर तक ले जाकर मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को जनता के बीच उठाने की बात कही है।

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश द्वारा घोषित अभियान के तहत पार्टी संगठन को सक्रिय करने की योजना बनाई गई है। कांग्रेस का कहना है कि, विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान मतदाता सूचियों में हुए बदलावों की पारदर्शी जांच की जानी जरूरी है। पार्टी का मकसद ये तय करना है कि, प्रक्रियागत त्रुटियों के कारण किसी भी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से बाहर नही होगा।

घर-घर जाकर मतदाता सूची जांचेंगे कांग्रेसी

अभियान के तहत कांग्रेस कार्यकर्ता घर-घर संपर्क कर खुद मतदाता सूची की जांच करेंगे। साथ ही मतदाताओं की शिकायतें इकट्ठी भी करेंगे। सामने आई शिकायतों को संबंधित निर्वाचन अधिकारियों के बीच ले जाकर समक्ष मामलों को उठाया जाएगा। पार्टी का कहना है कि, निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखना और हर पात्र नागरिक के मतदान के अधिकार की रक्षा करना लोकतंत्र के लिए जरूरी है।

स्थानीय से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक उटाया जाएगा मुद्दा

कांग्रेस एसआईआर प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची में हुए बदलावों को लेकर भी सवाल उठाएगी, साथ ही इनकी निष्पक्ष जांच की मांग भी करेगी। पार्टी इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने के साथ स्थानीय स्तर पर भी संगठनात्मक गतिविधियां बढ़ाएगी।

मतदाता सूची के आंकड़ों पर नजर

एमपी में एसआईआर से पहले प्रकाशित आंकड़ों के अनुसार, प्रदेश में 5 करोड़ 74 लाख 6 हजार 143 मतदाता पंजीकृत थे। प्रारूप मतदाता सूची में ये संख्या घटकर 5 करोड़ 31 लाख 31 हजार 983 रह गई। वहीं, अंतिम मतदाता सूची में कुल 5 करोड़ 39 लाख 81 हजार 65 मतदाता दर्ज किए गए। इन आंकड़ों के आधार पर कांग्रेस मतदाता सूची में हुए बदलावों और पात्र मतदाताओं के नामों की स्थिति को लेकर सवाल उठा रही है। पार्टी के अनुसार, मतदाता सूची में किसी भी तरह की गलती दूर करना जरूरी है, ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदान के अधिकार से वंचित न रहे।

दिल्ली में महारैली के दौरान उठेगा मताधिकार का मुद्दा

1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में होने जा रही महारैली के जरिए कांग्रेस मतदाता सूची की शुद्धता, एसआईआर प्रक्रिया और निर्वाचन में पारदर्शिता के मुद्दों को प्रमुखता से उठाएगी। पार्टी इस अभियान को बूथ स्तर तक पहुंचाकर मतदाताओं को जागरूक करने की रणनीति पर काम कर रही है।

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26 Oct 2026, 1:44 PM IST
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